, March 25 -- श्री यादव ने बताया कि उत्पादन प्रणाली घटक के अंतर्गत अब तक परियोजना क्षेत्र के 1,40,344 किसानों को विभिन्न माध्यमों से लाभान्वित किया गया है। वहीं, जीविकोपार्जन गतिविधियों के तहत 9,953 जीविका समूहों को चक्रीय राशि प्रदान कर मधुमक्खी पालन, सब्जी उत्पादन, सिलाई केंद्र, पत्तल/प्लेट निर्माण सहित विभिन्न आजीविका गतिविधियों से जोड़ा गया है।

कृषि मंत्री ने कहा कि जलछाजन कार्यक्रम केवल जल और भूमि संरक्षण तक सीमित नहीं है, बल्कि यह ग्रामीण समुदाय को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने का प्रभावी माध्यम बन रहा है। इस योजना से गांवों में समृद्धि आ रही है, किसानों की आय बढ़ रही है और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति मिल रही है।

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