, May 28 -- खेल बिभाग के सचिव ने बिहार क्रिकेट संघ को भविष्य में बड़े खेल आयोजनों को ध्यान में रखते हुए अग्रिम रूप से भीड़ प्रबंधन की विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि स्टेडियम की क्षमता लगभग 40 हजार दर्शकों की होगी, इसलिए सभी व्यवस्थाएं उसी अनुरूप सुनिश्चित करनी होंगी।उन्होंने कहा कि मोइनुल हक स्टेडियम राज्य की सबसे महत्वपूर्ण खेल अवसंरचना परियोजनाओं में से एक है और इसके संचालन एवं आयोजन प्रबंधन के लिए दीर्घकालिक दृष्टिकोण अपनाना आवश्यक है। बैठक में स्टेडियम परिसर में संचालित भारतीय खेल प्राधिकरण केंद्र को अन्य स्थान पर स्थानांतरित करने पर भी चर्चा हुई। इसके लिए बिहार सरकार और भारतीय खेल प्राधिकरण केंद्र के बीच नए एमओयू पर सहमति बनी। केंद्र से जुड़े 42 खिलाड़ियों एवं विद्यार्थियों को पटना में ही अन्य खेल सुविधाओं में स्थानांतरित किया जाएगा, जिससे उनके प्रशिक्षण पर कोई असर न पड़े।
पटना मेट्रो परियोजना के अधिकारियों ने बताया कि उनके उपकरणों को स्टेडियम परिसर से हटाने की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है और संबंधित क्षेत्र बिहार क्रिकेट संघ को सौंप दिया गया है।
इसके अलावा स्टेडियम परिसर में संचालित थाना को भी अन्य स्थान पर स्थानांतरित करने की प्रक्रिया पर चर्चा हुई। जिला पदाधिकारी ने बताया कि थाना के स्थायी स्थानांतरण को प्रशासनिक स्वीकृति मिल चुकी है तथा अंतरिम व्यवस्था भी जल्द उपलब्ध करा दी जाएगी।
खेल विभाग के सचिव ने विभागीय अधिकारियों के प्रतिनिधिमंडल को स्थल निरीक्षण कर परिसर खाली कराने की प्रक्रिया की नियमित निगरानी करने का निर्देश दिया। बैठक में सभी संबंधित एजेंसियों ने समन्वित रूप से कार्य कर मोइनुल हक स्टेडियम को आधुनिक खेल अवसंरचना के रूप में विकसित करने की प्रतिबद्धता जताई।
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