, May 14 -- महुआवा पंचायत में पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ ऊर्जा बचत एवं जल प्रबंधन की दिशा में भी प्रभावी काम किए गए हैं। पंचायत में जिन परिवारों के पास लगभग पांच पशु हैं, उन्हें बॉयोगैस प्लांट से जोड़ने की पहल की गई है। इसके लिए कुल 50 परिवारों को चिन्हित किया गया, जिनमें 12 परिवारों में बॉयोगैस प्लांट का निर्माण पूरा हो चुका है। इससे प्रत्येक परिवार को प्रतिमाह लगभग 2 हजार रुपये की बचत हो रही है।

साथ ही पंचायत क्षेत्र में 35 से 60 कट्ठे तक क्षेत्रफल वाले 10 बड़े तालाबों का विकास किया गया है, जहां मछली पालन के साथ-साथ जल संचयन भी हो रहा है। नदियों के जीर्णोद्धार के माध्यम से भीषण गर्मी के दौरान भूजल स्तर प्रबंधन को सुदृढ़ बनाया गया है। पंचायत के विद्यालयों में सोलर प्लेट स्थापित हैं और मिड-डे मील सहित विभिन्न गतिविधियों की निगरानी मोबाइल ऐप के माध्यम से सुनिश्चित की जा रही है। यह पंचायत आज पर्यावरण संरक्षण, जल प्रबंधन व सतत विकास के क्षेत्र में एक सफल और अनुकरणीय मॉडल के रूप में उभरकर सामने आई है।

पंचायती राज मंत्री दीपक प्रकाश ने इस उपलब्धि पर मुखिया संजीव भूषण समेत पंचायतवासियों को बधाई देते हुए कहा कि महुआवा पंचायत ने जलवायु और पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में जो उत्कृष्ट कार्य किया है, वह पूरे बिहार के लिए प्रेरणादायक उदाहरण है। उन्होंने कहा कि पंचायत की तरफ से बड़े पैमाने पर पौधरोपण, जल संचयन, बॉयोगैस प्लांट एवं सौर ऊर्जा के उपयोग जैसे प्रयास सतत विकास की दिशा में महत्वपूर्ण पहल हैं। ऐसे नवाचार ग्रामीण क्षेत्रों में जलवायु परिवर्तन के प्रति जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन का स्वरूप प्रदान करेंगे।

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