पटना , अगस्त 01 -- ारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) ने सरकार से बिहार को अकाल क्षेत्र घोषित करने और अकाल में मिलने वाली सभी सुविधाएं आम जनता को उपलब्ध कराने की मांग की है।भाकपा के राज्य सचिव रामनरेश पाण्डेय ने शनिवार को बयान जारी कर कहा है कि पूरा बिहार सूखे की चपेट में आ गया है।उन्होंने कहा कि पूरे राज्य में धान की रोपनी प्रभावित है। बारिश की कमी के कारण धान की रोपनी नहीं हो रही है। धान का बिचड़ा जल रहा है। किसानों को खेती के लिए बिजली की आपूर्ति नहीं हो रही है। नहरों में पानी नहीं है। नदी और तलाब सूखे हैं। भूमि के जल स्तर नीचे चला गया है। पीने के पानी का संकट उत्पन्न हो गया है। इसके बावजूद सरकार की तरफ से सूखे से निपटने के लिए कोई ठोस तैयारी नहीं दिख रही है।
श्री पाण्डेय ने सरकार से किसानों को खेती के लिए मुफ्त में 24 घंटे बिजली और डीजल पर अनुदान देने की घोषणा करने की मांग की।
भाकपा राज्य सचिव ने कहा कि बिहार में धान की रोपनी जुलाई महीने में होता है। मौसम विभाग के अनुसार जुलाई महीने में भी सामान्य से कम बारिश हुई है। उन्होंने कहा कि राज्य के सभी 38 जिलों में बारिश कम हुई है। उत्तर बिहार की तुलना में दक्षिण बिहार में बहुत कम बारिश की संभावना है। बिहार में मानसून 11 जून, 2026 को प्रवेश किया था। मानसून के दौरान बिहार में 56 फीसद कम बारिश हुई है। मौसम विज्ञान विभाग के आंकड़े साफ बता रहा है कि बिहार सूखे की चपेट में है।
श्री पाण्डेय ने राज्य सरकार से किसानों के कृषि ऋण माफ करने, खेती के लिए 24 घंटे बिजली उपलब्ध कराने, डीजल पर अनुदान देने, सभी नहरों में पानी उपलब्ध कराने, किसानों को मुआवजा देने और पशु के लिए चारा उपलब्ध कराने की मांग की है।
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