बारां , मई 09 -- सरकारी अस्पतालों को लेकर अक्सर अव्यवस्थाओं और शिकायतों की खबरें सुर्खियों में रहती हैं, लेकिन राजस्थान में बारां जिले से एक ऐसी तस्वीर सामने आई है, जिसने सरकारी चिकित्सा व्यवस्था के सकारात्मक और प्रेरणादायक पक्ष को उजागर किया है।

राजकीय शहीद राजमल मीणा जिला चिकित्सालय के चर्म एवं यौन रोग विभाग में चिकित्सा सेवा और चिकित्सकीय प्रशिक्षण का अनूठा समन्वय देखने को मिला। मेडिकल कॉलेज में सहायक आचार्य के रूप में सेवाएं दे रहे चर्म रोग विशेषज्ञ डॉ. राजेंद्र कुमार महावार मरीजों का उपचार करने के साथ-साथ प्रशिक्षणरत युवा चिकित्सकों को व्यावहारिक चिकित्सा शिक्षा देते नजर आये।

मरीजों की जांच के दौरान डॉ. महावार ने बीमारी के लक्षण, संभावित प्रभाव, आवश्यक जांच और उपचार प्रक्रिया को विस्तार से समझाया। इस दौरान उन्होंने प्रशिक्षु चिकित्सकों से सवाल-जवाब भी किये, जिससेउन्हें वास्तविक परिस्थितियों में सीखने का अवसर मिला।

खास बात यह रही कि पूरी प्रक्रिया किसी औपचारिक क्लासरूम के बजाय मरीजों की जांच के दौरान ही संचालित होती रही।

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