बांदा , अप्रैल 13 -- उत्तर प्रदेश के बांदा जिले में नरैनी तहसील क्षेत्र की मोरम खदानों में स्वीकृत सीमा से बाहर खनन और परिवहन पाए जाने पर प्रशासन ने चार ठेकेदारों के विरुद्ध कुल एक करोड़ 78 लाख 8 हजार 620 रुपये के जुर्माने का नोटिस जारी किया है।
सोमवार को जारी सरकारी विज्ञप्ति के अनुसार जिलाधिकारी के निर्देश पर प्रशासनिक, पुलिस और खनन अधिकारियों की संयुक्त टीम गठित कर 3 अप्रैल से 8 अप्रैल के बीच नरैनी तहसील क्षेत्र की मोरम खदानों की विस्तृत जांच कराई गई। जांच में चार पट्टाधारकों द्वारा स्वीकृत क्षेत्र से बाहर खनन और परिवहन की पुष्टि हुई।
विज्ञप्ति के अनुसार कोलावल रायपुर गांव स्थित खदान, जो बांदा नगर के कालूकुआं मोहल्ला निवासी अरुण कुमार सिंह के नाम स्वीकृत है, वहां जलधारा के बीच 3540 घन मीटर मोरम का अवैध खनन पाया गया। इस पर 45 लाख 35 हजार 600 रुपये जुर्माने का नोटिस जारी किया गया।
इसी प्रकार जरर गांव में स्वीकृत पट्टा क्षेत्र के बाहर 5907 घन मीटर मोरम खनन एवं परिवहन पाए जाने पर महोबा जिले के गांधी नगर निवासी सुलभ सक्सेना को 67 लाख 33 हजार 980 रुपये के जुर्माने का नोटिस दिया गया। बहादुरपुर स्योढ़ा गांव में बांदा नगर के मोचियाना मोहल्ला निवासी लक्ष्मी प्रसाद गुप्ता के नाम स्वीकृत पट्टा क्षेत्र के बाहर 2250 घन मीटर मोरम खनन पाए जाने पर 25 लाख 65 हजार रुपये जुर्माना लगाया गया। खलारी गांव में भी सुलभ सक्सेना के नाम स्वीकृत पट्टा क्षेत्र से बाहर 3486 घन मीटर मोरम खनन और परिवहन की पुष्टि होने पर 39 लाख 74 हजार 40 रुपये के जुर्माने का नोटिस जारी किया गया।
जिलाधिकारी जे. रीभा ने जिले के सभी उप जिलाधिकारियों को खनन एवं पुलिस अधिकारियों की संयुक्त टीमें गठित कर मोरम खनन क्षेत्रों की निरंतर गहन जांच कराने के निर्देश दिए हैं।
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