बरेली , अगस्त 31 -- उत्तर प्रदेश के बरेली में भोजीपुरा थाना पुलिस ने फर्जी दस्तावेज तैयार कर लोगों को सरकारी योजना के नाम पर झांसा देकर बैंकों से लाखों रुपये का लोन दिलाने और करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले संगठित गिरोह का पर्दाफाश किया है।

पुलिस ने गिरोह के चार सदस्यों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 3.50 लाख रुपये नकद, 75 एटीएम कार्ड, 28 चेकबुक, सात बैंक पासबुक, आधार-पैन कार्ड समेत बड़ी मात्रा में फर्जी दस्तावेज और अन्य सामान बरामद किया है। गिरोह का एक आरोपी अभी फरार है।

पुलिस अधीक्षक उत्तरी मुकेश चंद्र मिश्र ने बताया कि वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत भोजीपुरा पुलिस, एसओजी और सर्विलांस टीम ने मुखबिर की सूचना पर देर रात करीब 1.27 बजे मॉडर्न विलेज स्थित एक मकान पर दबिश दी। पुलिस ने मौके से राम नयन गुप्ता उर्फ कृष्ण कन्हैया, राकेश गुप्ता, अनिल गुप्ता और ऋषभ कुमार सक्सेना को गिरफ्तार किया।

पुलिस के अनुसार गिरोह के सदस्य लोगों के आधार कार्ड पर नया सिम जारी कराकर उसमें पता बदल देते थे। इसके बाद अलग-अलग बैंकों में खाते खुलवाकर फर्जी परिचय पत्र, फॉर्म-16 और वेतन पर्चियां तैयार की जाती थीं। इन खातों में दो-तीन महीने तक वेतन के नाम पर रकम स्थानांतरित कर संबंधित व्यक्ति को सरकारी कर्मचारी दर्शाया जाता था। इसके बाद अच्छी सिबिल के आधार पर बैंक ऑफ बड़ौदा, पंजाब नेशनल बैंक समेत अन्य बैंकों से 15 से 20 लाख रुपये तक के लोन स्वीकृत कराए जाते थे।

पूछताछ में आरोपियों ने पुलिस को बताया कि लाभार्थियों को यह कहकर झांसा दिया जाता था कि प्रधानमंत्री योजना के तहत उनका लोन स्वीकृत हुआ है। लोन की रकम मिलने के बाद लाभार्थी को मामूली रकम देकर शेष धनराशि चेक और एटीएम के जरिए निकाल ली जाती थी और गिरोह के सदस्य आपस में बांट लेते थे।

पुलिस के मुताबिक लखीमपुर खीरी निवासी एक व्यक्ति के नाम पर 20 लाख रुपये का लोन स्वीकृत कराया गया था, लेकिन उसे महज 71 हजार रुपये दिए गए और शेष रकम गिरोह ने हड़प ली। गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से 12 मोबाइल फोन, 11 सिम कार्ड, कैनरा बैंक की मुहर, फर्जी वेतन पर्चियां, फर्जी पहचान पत्र, आधार और पैन कार्ड, चेकबुक, बैंक पासबुक और अन्य दस्तावेज बरामद किए गए हैं।

पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों की पहचान राम नयन गुप्ता उर्फ कृष्णा गुप्ता उर्फ कृष्ण कन्हैया पुत्र कान्तनू गुप्ता उर्फ घुरई गुप्ता, मूल निवासी ग्राम कमासिन बुजुर्ग, थाना पनियारा, जिला महाराजगंज और हाल निवासी भोजीपुरा, बरेली; राकेश गुप्ता पुत्र शंकर प्रसाद, मूल निवासी नाथ नगर, थाना भागलपुर, बिहार और वर्तमान में दिल्ली निवासी; अनिल गुप्ता पुत्र पप्पू गुप्ता निवासी जगतपुर, थाना बारादरी, बरेली तथा ऋषभ कुमार सक्सेना पुत्र अरविंद सक्सेना निवासी कृष्णानगर, थाना इज्जतनगर, बरेली के रूप में की है।

चारों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश किया गया है। पुलिस गिरोह के फरार सदस्य की तलाश के साथ ही उसके नेटवर्क और अब तक की गई ठगी के मामलों की जानकारी जुटा रही है।

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