बरेली , सितंबर 24 -- बरेली में कैंट थाना पुलिस और मिलिट्री इंटेलिजेंस की संयुक्त टीम ने अग्निवीर भर्ती में अभ्यर्थियों को माप-तौल और मेडिकल में पास कराने का झांसा देकर रुपये ऐंठने के आरोप में पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से छह मोबाइल फोन, 9,100 रुपये नकद, एक मोटरसाइकिल और एक स्कूटी बरामद की गई है।

पुलिस के अनुसार, मोबाइल फोन की जांच में व्हाट्सऐप चैट, ऑनलाइन लेन-देन के स्क्रीनशॉट, अभ्यर्थियों के प्रवेश पत्र और मेडिकल संबंधी दस्तावेजों के स्क्रीनशॉट मिले हैं।

पुलिस के मुताबिक, 23 सितंबर को मिलिट्री इंटेलिजेंस से सूचना मिली थी कि जाट रेजीमेंट सेंटर में चल रही अग्निवीर भर्ती के दौरान कुछ लोग अभ्यर्थियों से माप-तौल और मेडिकल में पास कराने के नाम पर रुपये मांग रहे हैं। सूचना पर कैंट पुलिस और मिलिट्री इंटेलिजेंस की संयुक्त टीम ने हरभजन गेट के पास घेराबंदी कर पांच संदिग्धों को गिरफ्तार कर लिया।

पकड़े गए आरोपियों की पहचान प्रदीप कुमार शर्मा (45), विशाल यादव (35), राजवीर उर्फ कैलाश (28), धर्मेंद्र सिंह (30) और नूर अहमद (50) के रूप में हुई है।

पुलिस के अनुसार, आरोपी ऐसे अभ्यर्थियों को निशाना बनाते थे, जिन्हें फिजिकल, माप-तौल या मेडिकल में अनफिट होने की आशंका रहती थी। उन्हें पूर्व भर्तियों के परिणाम और मेडिकल में अनफिट अभ्यर्थियों को फिट कराने से संबंधित दस्तावेज दिखाकर भरोसे में लिया जाता था। इसके बाद मेडिकल, माप-तौल में फिट कराने और चयन कराने के नाम पर रुपये मांगे जाते थे।

पुलिस का कहना है कि आरोपी आर्मी अधिकारियों और मिलिट्री अस्पताल से संपर्क होने का दावा करते थे, जबकि पूछताछ में ऐसी किसी पहचान की पुष्टि नहीं हुई। पुलिस के मुताबिक, पूर्व में मेडिकल कोर आर्मी में सफाईकर्मी के रूप में काम कर चुका विशाल यादव और नूर अहमद खुद को मिलिट्री अस्पताल से जुड़ा बताकर अभ्यर्थियों को प्रभावित करते थे।

पुलिस के मुताबिक, आरोपियों के मोबाइल फोन में अग्निवीर भर्ती से संबंधित अभ्यर्थियों के प्रवेश पत्र, मेडिकल दस्तावेजों के स्क्रीनशॉट, व्हाट्सऐप चैट और ऑनलाइन लेन-देन से संबंधित साक्ष्य मिले हैं। पुलिस का कहना है कि कुछ ऐसे अभ्यर्थियों से भी रकम ली गई, जिनका चयन अपने स्तर पर हो गया था।

कैंट थाने में मामले में मुकदमा दर्ज किया गया है। गिरफ्तार आरोपियों को विधिक कार्रवाई के बाद न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है। पुलिस के अनुसार, विशाल यादव के खिलाफ मीरगंज थाने में एनडीपीएस एक्ट से संबंधित एक मामला तथा धर्मेंद्र सिंह के खिलाफ फैजगंज बेहटा थाने में धोखाधड़ी, जालसाजी और आपराधिक साजिश से संबंधित मामला दर्ज रहा है।

कार्रवाई में कैंट थाने के प्रभारी निरीक्षक श्रीनिवास, उपनिरीक्षक राजीव पटेल, उपनिरीक्षक प्रतीक तोमर समेत पुलिसकर्मी शामिल रहे। मिलिट्री इंटेलिजेंस और कैंट बोर्ड बरेली की टीम ने भी कार्रवाई में सहयोग किया।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित