पटना , फरवरी 12 -- बिहार के ऊर्जा मंत्री बिजेंद्र यादव ने गुरुवार को राज्य विधानसभा को आश्वस्त किया कि सरकार बकाया बिजली बिलों पर लगाए गए चक्रवृद्धि ब्याज को माफ करने पर विचार करेगी।
विधायक शुभानंद मुकेश के ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के जवाब में मंत्री श्री यादव ने कहा कि राज्य सरकार चक्रवृद्धि ब्याज के हिस्से को माफ करने पर विचार करेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि बिजली का उपभोग करने वाले उपभोक्ताओं से वसूली आवश्यक है और उन्हें उपयोग की गई राशि का भुगतान करना होगा।
कई विधायकों ने सदन में चर्चा के दौरान बकाया राशि और उस पर लगने वाले चक्रवृद्धि ब्याज के बढ़ते बोझ पर चिंता जताई और कहा कि अत्यधिक ब्याज के कारण आर्थिक रूप से कमजोर उपभोक्ताओं के लिए बकाया चुकाना कठिन हो गया है। विधायकों ने यह भी कहा कि पुराने बकाया बिलों के कारण कई गरीब उपभोक्ताओं के घरों में बिजली आपूर्ति काट दी गई है।
विधायक श्री मुकेश ने बिजली भुगतान से संबंधित उपभोक्ताओं की परेशानी को उठाते हुए मांग की कि सरकार एकमुश्त समाधान योजना (वन टाइम सेटलमेंट) लागू करे, जिसके तहत पुराने बकाया पर लगने वाले चक्रवृद्धि ब्याज को पूरी तरह माफ किया जाए और मूल राशि को किश्तों में जमा करने की अनुमति दी जाए। उन्होंने कहा कि इससे लाखों गरीब परिवारों को लाभ होगा, जो बकाया चुकाना चाहते हैं,लेकिन बढ़े हुए ब्याज और अधिभार के कारण ऐसा नहीं कर पा रहे हैं।
मंत्री श्री यादव ने इसके जवाब में कहा कि राज्य की बिजली सहायता योजना के तहत सभी घरेलू उपभोक्ताओं को प्रति माह 125 यूनिट तक मुफ्त बिजली दी जा रही है और बकाया बिलों को किश्तों में चुकाने की सुविधा भी उपलब्ध है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि फिलहाल 'वन टाइम सेटलमेंट' योजना लाने का कोई प्रस्ताव नहीं है।
इस दौरान कुछ विधायकों ने यह भी आरोप लगाया कि बकायेदार उपभोक्ताओं की बिजली आपूर्ति काट दी गई है और पूर्व प्रभाव से अधिभार लगाया जा रहा है, जिससे उपभोक्ताओं के लिए बकाया चुकाना और कठिन हो गया है। उन्होंने उपभोक्ता शिकायतों के समाधान के लिए नियम बनाने और प्रखंड स्तर पर शिविर आयोजित करने की मांग की। उन्होंने कहा कि बिजली की सेवा बंद हो जाने से ऐसे उपभोक्ता सरकार की 125 यूनिट फ्री योजना का भी लाभ नही ली पा रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार ने सस्ते दर पर किरोसीन की आपूर्ति भी बंद कर दी है ऐसी हालत में गरीबों के घर में बिजली नही होने से पूरी तरह से अँधेरा है और उनके बच्चे पढ़ाई तक नही कर पा रहे हैं।
मंत्री श्री यादव ने इन चिंताओं पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि सरकार बकाया बिजली बिलों पर लगाए जा रहे चक्रवृद्धि ब्याज के भुगतान पर राहत देने के लिए विचार करेगी।
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