जयपुर , फरवरी 23 -- राजस्थान के नगरीय विकास राज्य मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने सोमवार को विधानसभा में कहा कि बंदरों से आमजन को हो रही समस्याओं के समाधान के लिए राज्य सरकार लगातार प्रयासरत है और उन्हें प्राकृतिक स्थानों पर छोड़ने की कार्रवाईयां की जा रही हैं।

श्री खर्रा शून्यकाल में विधायक मनीष यादव के ध्यानाकर्षण प्रस्ताव के जवाब में कहा कि बंदरों की जनसंख्या में वृद्धि और उनके प्राकृतिक आवासों में मानवीय हस्तक्षेप से बंदरों का सघन आबादी क्षेत्र में पलायन होने लगा है। शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में कई घटनाएं सामने आई हैं। बंदरों को पकड़ने वाले दस्तों के माध्यम से इन्हें प्राकृतिक स्थानों पर छोड़ने की कार्रवाईयां भी की जा रही हैं।

उन्होंने कहा कि शाहपुरा विधानसभा क्षेत्र में वर्ष 2019-20 में 664, वर्ष 2020-21 में 310, वर्ष 2021-22 में 919 और वर्ष 2022-23 में 191 बंदरों को पकड़कर प्राकृतिक स्थानों पर छोड़ा जा चुका है। श्री खर्रा ने सदन के सभी विधायकों से इस समस्या के समाधान के लिए सुझाव आमंत्रित किए। उन्होंने कहा कि प्राप्त सुझावों से राज्य सरकार ठोस निर्णय लेकर स्थायी समाधान निकाल सकेगी।

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