सिलीगुड़ी , अक्टूबर 13 -- पश्चिम बंगाल के वन मंत्री मनोज कुमार ओरांव ने मंगलवार को चाय बागानों और वन क्षेत्रों में पेड़ों की अवैध कटाई में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी।

उन्होंने कहा कि डिमा टी एस्टेट के प्रबंधक पर इस अपराध के लिए कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मंत्री ने कहा, "अगर प्रबंधक ने पेड़ों की अवैध कटाई करके कोई अपराध किया है, तो उसे जेल जाना होगा।" उन्होंने कहा कि सरकार इस तरह के उल्लंघनों को बर्दाश्त नहीं करेगी।

मंत्री के अनुसार विभाग को सोमवार को अवैध कटाई के बारे में जानकारी मिली और अधिकारियों को जांच शुरू करने का निर्देश दिया गया। खबरों के मुताबिक बाद में की गई जांच में नियमों का उल्लंघन पाया गया, जिसके बाद विभाग ने चाय बागान के प्रबंधक अभिजीत राहा को पूछताछ के लिए हिरासत में ले लिया। मामले की जांच जारी है।

मंत्री ने कहा कि पेड़ों की कटाई की अनुमति केवल 15 जून तक दी गई थी। हो सकता है कि समय सीमा बढ़ाई गई हो लेकिन विभाग इस मामले की गंभीरता से जांच कर रहा है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या अनुमति वाली अवधि के बाद भी कटाई जारी रही।

उन्होंने कहा कि विभाग को रायडक और कुमारग्राम सहित सात मंडलों में पेड़ों की कटाई की खबरें भी मिली हैं और अधिकारियों को इन आरोपों की अच्छी तरह से जांच करने का निर्देश दिया गया है।

श्री ओरांव ने कहा, "नयी सरकार ने ऐसे अपराधों से सख्ती से निपटने का फैसला किया है। हम पेड़ों की अवैध कटाई, वन क्षेत्रों में अवैध शिकार या जंगलों में अनधिकृत प्रवेश को बर्दाश्त नहीं करेंगे।"उन्होंने कहा कि वन विभाग ने वन क्षेत्रों में सक्रिय कुछ अपराधियों की पहचान की है और अवैध गतिविधियों में शामिल पाए जाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। मंत्री ने कहा कि सरकार और विभाग वन संसाधनों को नष्ट होने से बचाने के लिए कड़ी निगरानी रखेंगे और यह सुनिश्चित करेंगे कि नियमों का उल्लंघन करने वालों को सजा मिले।

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