कोलकाता , मई 21 -- पश्चिम बंगाल में दक्षिण 24 परगना जिले के फाल्टा विधानसभा क्षेत्र में गुरुवार को हुए पुनर्मतदान में करीब 88 प्रतिशत मतदाताओं ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया। मतदान सुबह सात बजे शुरू हुआ और शाम छह बजे तक चला।

चुनाव आयोग के अनुसार मतदान प्रतिशत 87.90 रहा और कहीं से किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं है। किसी भी इलाके से हिंसा या इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) में छेड़छाड़ की कोई बड़ी शिकायत नहीं मिली।

आयोग ने मतदान शांतिपूर्ण ढंग और पारदर्शिता से संपन्न कराने के व्यापक प्रबंध किये थे। इस विधानसभा क्षेत्र के लिए कुल 285 मतदान केन्द्र बनाये गये थे जहां मतदाताओं ने अपने पसंदीदा उम्मीदवार के पक्ष में बढ़-चढ़कर मतदान किया। इस क्षेत्र में कुल 2.36 लाख मतदाता हैं। इनमें 1,21,300 पुरुष, 1,15,135 महिला और नौ उभयलिंगी मतदाता शामिल हैं।

उल्लेखनीय है कि 29 अप्रैल को हुए दूसरे चरण के विधानसभा चुनाव के दौरान अनियमितताओं की अनेक शिकायतें मिलने के बाद आयोग ने फाल्टा विधानसभा क्षेत्र में चुनाव रद्द कर दिया था और पुनर्मतदान की घोषणा की थी।

उस दौरान विधानसभा क्षेत्र के कई हिस्सों से आरोप सामने आए थे कि इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों पर भारतीय जनता पार्टी उम्मीदवार का नाम और चुनाव चिन्ह टेप तथा अन्य सामग्री से ढंक दिया गया था, जिससे व्यापक विवाद पैदा हो गया था।

पुनर्मतदान के दौरान आज फाल्टा विधानसभा क्षेत्र में उत्सव जैसा माहौल दिखाई दिया और बड़ी संख्या में मतदाता मतदान केंद्रों पर पहुंचे। स्थानीय निवासियों ने कहा कि मतदान प्रक्रिया शांतिपूर्ण रही, जिससे लोग बिना किसी भय और दबाव के अपने मताधिकार का प्रयोग कर सके। कई मतदाताओं ने दावा किया कि पिछले कई वर्षों से भय और दबाव के माहौल के कारण वे स्वतंत्र रूप से मतदान नहीं कर पा रहे थे। इस बार बिना किसी बाधा के मतदान कर पाने पर लोगों ने राहत की सांस ली है।

एक मतदाता ने मतदान के बाद कहा, "कई वर्षों में पहली बार हमने बिना भय के मतदान किया है। अब लग रहा है कि लोग स्वतंत्र रूप से अपने लोकतांत्रिक अधिकारों का प्रयोग कर पा रहे हैं।"सुरक्षा व्यवस्था के तहत पूरे निर्वाचन क्षेत्र में केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) की 35 कंपनियां तैनात की गई थीं। मतदान प्रक्रिया की निगरानी चुनाव आयोग और पश्चिम बंगाल के मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय द्वारा की गई ताकि चुनाव निष्पक्ष एवं पारदर्शी तरीके से संपन्न हो सके।

इस बीच फाल्टा से तृणमूल कांग्रेस उम्मीदवार जहांगीर खान, जिन्होंने मतदान से दो दिन पहले चुनाव मैदान से हटने की घोषणा की थी, पुनर्मतदान के दौरान क्षेत्र में नजर नहीं आए। स्थानीय लोगों के अनुसार उनका आवास और पार्टी कार्यालय बंद मिला।

कुछ निवासियों ने आरोप लगाया कि पिछले चुनावों में जहांगीर खान के समर्थकों द्वारा उन्हें मतदान करने से रोका गया था।

मतगणना 24 मई को होगी।

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