पटना , जनवरी 30 -- बिहार के कृषि विभाग एवं राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग द्वारा संयुक्त रूप से चलाए जा रहे फार्मर रजिस्ट्री महाअभियान को और गति देते हुए इसके तीसरे चरण की अवधि बढ़ा दी गई है। अब यह अभियान 02 फरवरी से 04 फरवरी 2026 तक चलेगा।इस राज्यव्यापी महाअभियान का संचालन मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत के नेतृत्व में किया जा रहा है, जिसमें जिला, अनुमंडल, प्रखंड और पंचायत स्तर तक के प्रशासनिक अधिकारी पूरी तरह सक्रिय हैं। सरकार ने इस चरण में 50 लाख किसानों के पंजीकरण का लक्ष्य तय किया है।
फार्मर रजिस्ट्री के माध्यम से किसानों को एक यूनिक डिजिटल पहचान मिलेगी, जिससे उन्हें प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, फसल बीमा योजना,किसान क्रेडिट कार्ड,कृषि अनुदान एवं सहायता, फसल क्षति पर वास्तविक मुआवजा जैसी सभी योजनाओं का लाभ एक ही डिजिटल प्लेटफॉर्म से मिल सकेगा।
फार्मर रजिस्ट्री नहीं कराने वाले किसानों को भविष्य में पीएम किसान सम्मान निधि योजना से वंचित किया जा सकता है।इसलिए सरकार कि किसानों से अपील है कि इस अभियान में भाग लेकर इसे सफल बनायें।
किसान अपने पंचायत के कृषि समन्वयक / किसान मित्र / राजस्व कर्मचारी से संपर्क कर रजिस्ट्री करा सकते हैं।वे नजदीकी नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर) पर जाकर स्वयं ऑनलाइन पंजीकरण भी कर सकते हैं। इसके अलावा पोर्टल पर जाकर खुद भी रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं।इसके लिए आधार कार्ड, मोबाइल नंबर एयर स्वयं के नाम से जमाबंदी आवश्यक दस्तावेज हैं।
किसानों की सुविधा के लिए राज्य सरकार ने हेल्पलाइन नंबर 8789578914 जारी किया है।इसके अतिरिक्त किसान जानकारी के लिए प्रखंड कृषि पदाधिकारी,अंचलाधिकारी, अनुमंडल कृषि पदाधिकारी या जिला कृषि पदाधिकारी से संपर्क कर सकते हैं।
राज्य के मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने सभी किसानों से अपील की है कि वे अभियान की बढ़ी हुई अवधि (02-04 फरवरी) का लाभ उठाकर अनिवार्य रूप से फार्मर रजिस्ट्री करा लें, जिससे किसी भी सरकारी योजना से वंचित न रहना पड़े।
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