प्रतापगढ़ , अक्टूबर 26 -- उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ जिले में सोमवार जिला कांग्रेस के कार्यालय में आदिकवि महर्षि वाल्मीकि एवं महान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी, निर्भीक पत्रकार गणेश शंकर विद्यार्थी की जयंती श्रद्धा एवं सम्मान के साथ मनाई गई।

इस अवसर पर एक गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ कांग्रेस कार्यकर्ताओं द्वारा दोनों महापुरुषों के तैलचित्र पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन करने के साथ हुआ।

इस अवसर पर जिला कांग्रेस अध्यक्ष डॉ. नीरज त्रिपाठी ने कहा कि पवित्र महाकाव्य 'रामायण' के रचयिता, भारतीय संस्कृति एवं आध्यात्मिक चेतना के महान मनीषी, आदिकवि महर्षि वाल्मीकि जी की पावन जयंती पर उन्हें कोटि-कोटि नमन, महर्षि वाल्मीकि जी की अमर रचनाएँ एवं उनके महान आदर्श हमें सत्य, धर्म, करुणा, सदाचार और मानवता के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देते रहेंगे।

उन्होने कहा कि गणेश शंकर विद्यार्थी ने अपनी निर्भीक पत्रकारिता और स्वतंत्रता आंदोलन में सक्रिय भूमिका के माध्यम से अन्याय, शोषण तथा सांप्रदायिकता के विरुद्ध संघर्ष किया।

कांग्रेस सेवादल के जिला अध्यक्ष महेंद्र शुक्ला ने कहा कि गणेश शंकर विद्यार्थी का जीवन हमें सिखाता है कि पत्रकारिता का उद्देश्य केवल समाचार देना नहीं, बल्कि समाज के कमजोर और वंचित वर्गों की आवाज बनना तथा सत्य के पक्ष में खड़े रहना भी है। आज आवश्यकता है कि हम इन महापुरुषों के आदर्शों को अपने जीवन में आत्मसात करें और सामाजिक सद्भाव, भाईचारे तथा लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत बनाने के लिए निरंतर कार्य करें।

कार्यक्रम में उपस्थित कांग्रेसजनों ने दोनों महापुरुषों के विचारों एवं योगदान को याद करते हुए उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया।

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