उदयपुर , अगस्त 02 -- राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा है कि राज्य सरकार ने प्रदेश के विकास का रोडमैप बनाया हैं जिसके तहत पानी, बिजली, उद्योग, रोजगार एवं सड़क सहित विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य किये गये हैं।

श्री शर्मा रविवार को उदयपुर के नगर निगम सभागार में 421 करोड़ रुपये की लागत के 457 विकास कार्यों के लोकार्पण-शिलान्यास समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि रामजल सेतु लिंक परियोजना पर तेजी से काम हो रहा है। इससे आमजन, किसान और उद्योगों को पर्याप्त जलापूर्ति सुनिश्चित होगी वहीं प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन से शेखावाटी क्षेत्र के लिए यमुना जल समझौता संभव हो पाया। इसी प्रकार, उदयपुर तथा इसके आस-पास के क्षेत्रों के लिए भी देवास परियोजना के कार्यों को गति प्रदान की जा रही है।

उन्होंने कहा कि बिजली के क्षेत्र में प्रदेश को आत्मनिर्भर बनाने के लिए सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों के साथ 2.24 लाख करोड़ रुपये के एमओयू किये गये। वर्ष 2027 तक प्रदेश के सभी जिलों में किसानों को दिन में बिजली दी जाएगी। इसी क्रम में अब तक 26 जिलों में दिन में बिजली आपूर्ति की जा रही है। साथ ही, विभिन्न क्षमताओं के नए जीएसएस की स्थापना हो रही है। किसान पीएम-कुसुम योजना से अन्नदाता के साथ ऊर्जादाता भी बन रहे हैं।

उन्होंने कहा कि उद्योग और निवेश को बढ़ावा देने के लिए राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट का आयोजन किया गया। इसमें हुए 35 लाख करोड़ रुपये के एमओयू में से लगभग नौ लाख करोड़ रुपये के एमओयू धरातल पर उतर चुके हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं को सरकारी क्षेत्र में चार लाख नौकरियां देने के वादे को पूरा करने के क्रम में अब तक एक लाख 78 हजार से अधिक पदों पर नियुक्तियां प्रदान की गयी हैं। एक लाख 32 हजार से अधिक पदों पर भर्तियां प्रक्रियाधीन हैं। वहीं, 70 हजार से अधिक पदों पर भर्ती की तैयारी की जा रही है। अब तक कुल तीन लाख 80 हजार पदों पर भर्तियों का मार्ग प्रशस्त हुआ है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में पारदर्शिता के साथ सभी भर्ती परीक्षाएं आयोजित की गयी हैं। निजी क्षेत्र में भी युवाओं के लिए साढ़े चार लाख रोजगार के अवसर सृजित हुए हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उदयपुर झीलों की नगरी है। साथ ही शक्ति और भक्ति की भी भूमि है। राजसमंद, उदयपुर और चित्तौड़गढ़ पर्यटन की दृष्टि से समृद्ध जिले हैं। इन क्षेत्रों के विकास के लिए राज्य सरकार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि उदयपुर जिले के आमजन के लिए 47 करोड़ रुपये से अधिक की 21 प्रमुख परियोजनाओं का लोकार्पण किया गया है। इनमें सात करोड़ रुपये से आर.एन.टी. मेडिकल कॉलेज में आधुनिक कैथ लैब, पौने पांच करोड़ रुपये से उदयपुर शहर में 75 बेड का बुजुर्गों के लिए पुनर्वास गृह, चार करोड़ रुपये से अधिक की लागत से फलासियां में राजकीय कन्या महाविद्यालय भवन, दो करोड़ 80 लाख रुपये से कानोड़ में राजकीय सावित्री बाई फूले अनुसूचित जाति कन्या छात्रावास, दो करोड़ 31 लाख रुपये से अधिक की लागत से सविना में आर.सी.सी. नाले का निर्माण, करीब डेढ़ करोड़ से वल्लभनगर के दरौली में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र जैसे कार्य जनता को समर्पित किये हैं।

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