नयी दिल्ली , मार्च 03 -- पश्चिम एशिया में 28 फरवरी से जारी भू-राजनैतिक संकट के कारण अब तक भारत से वहां जाने वाली और वहां से भारत आने वाली 1,609 उड़ानें रद्द करनी पड़ी हैं।
नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने मंगलवार को बताया कि पश्चिम एशिया में मौजूदा परिस्थितियों की वजह से भारतीय विमान सेवा कंपनियों की 1,221 उड़ानें और विदेशी एयरलाइंस की 388 उड़ानें रद्द की गयी हैं। उसने बताया है कि वह स्थिति पर लगातार नजर रख रहा है। भारतीय विमान सेवा कंपनियों ने अपने शिड्यूल में थोड़ा बदलाव किया है और लंबी दूरी तथा बेहद लंबी दूरी उड़ानों के लिए नये परिवर्तित मार्गों का इस्तेमाल कर रही हैं जो प्रतिबंधित हवाई क्षेत्र से बचते हुए जाते हैं।
मंत्रालय की प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि आज भारतीय विमान सेवा कंपनियों ने आज कुल 24 उड़ानों का परिचालन किया है।इसके अलावा, एमिरेट्स और एतिहाद पिछले 24 घंटे में खाड़ी के देशों से नौ उड़ानों में यात्रियों को भारत लेकर आयी हैं।
घरेलू एयरलाइंस ने 04 मार्च को 58 उड़ानों के परिचालन की योजना बनाई है। इनमें 30 उड़ने इंडिगो की होंगी जबकि एयर इंडिया और एयर इंडिया एक्सप्रेस मिलकर 23 उड़ानों का परिचालन करेंगी।
सभी एयरलाइंस को सलाह दी गयी है कि वे साथियों के साथ संवाद में पारदर्शिता भरते हैं और रिफंड, यात्रा की तारीखों में बदलाव और यात्री सुविधाओं को लेकर नियमिकीय निर्देशों का पूरी तरह पालन करें।
मंत्रालय ने कहा है कि वह हवाई किराये पर नजदीकी नजर बनाये हुए हैं ताकि कीमतों में किसी भी प्रकार के अवांछित उछाल को रोका जा सके।
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