बेतिया , मई 23 -- बिहार के पश्चिमी चम्पारण जिले में नाबालिग बच्ची साथ दुष्कर्म के एक मामले की सुनवाई पूरी करते हुए दुष्कर्म एवं लैंगिक अपराध से बालकों के संरक्षण (पॉक्सो) एक्ट के अनन्य विशेष न्यायाधीश अरविंद कुमार गुप्ता ने कांड के नामजद अभियुक्त सुभाष यादव को दोषी पाते हुए उसे उम्र कैद की सजा सुनाई है।
न्यायालय ने इस मामले में दोषी के ऊपर पचास हजार रुपए का अर्थदंड भी लगाया है।अर्थदंड का भुगतान नहीं करने पर उसे अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतनी होगी।
सजायाफ्ता नौतन थाना के श्यामपुर कोतराहा गांव का रहने वाला है। पॉक्सो एक्ट के विशेष लोक अभियोजक जयशंकर तिवारी ने बताया कि घटना नवंबर वर्ष 2023 की है। इस कांड के वादी पूर्वी चंपारण के रहने वाले हैं। घटना के दिन वह परिवार समेत नौतन थाने मे अपने ससुराल गए हुए थे। वहां घर भोज के दौरान शाम में सुभाष यादव नाबालिक बच्ची को टॉफी खरीदने का झांसा देकर उसे अपने साथ बुला ले गया और उसके साथ जबरदस्ती दुष्कर्म किया। इस संबंध में नाबालिग बच्ची के पिता ने नौतन थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। इसी मामले की सुनवाई स्पीडी ट्रायल के माध्यम से पूरी करते हुए विशेष न्यायाधीश ने यह सजा सुनाई है।
वहीं न्यायाधीश ने अपने फैसले में पीड़िता को बिहार पीड़ित प्रतिकर स्कीम के तहत सात लाख रुपए की सहायता राशि देने का भी आदेश दिया है।
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