पटना , अप्रैल 17 -- पटना शहर को गार्बेज वल्नरेबल प्वॉइंट्स (कचरा स्थलों) से मुक्त रखने, नाला उड़ाही के दौरान निकले सिल्ट का समयबद्ध उठाव सुनिश्चित करने तथा निर्माण एवं विध्वंस अपशिष्ट के वैज्ञानिक निस्तारण के लिए पटना नगर निगम ने अपने सभी 19 जोनों में जोनल निरीक्षकों की जवाबदेही और अधिक सख्त कर दी है।
अब जोनल निरीक्षकों को अपने-अपने क्षेत्रों में गार्बेज वल्नरेबल प्वॉइंट्स की निगरानी, साफ-सफाई व्यवस्था, नाला उड़ाही से निकले सिल्ट के उठाव तथा निर्माण एवं विध्वंस अपशिष्ट के शत-प्रतिशत निस्तारण की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
नगर आयुक्त यशपाल मीणा ने सभी जोनल निरीक्षकों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि वे प्रतिदिन प्रत्येक वार्ड में एक मुख्य सड़क एवं उससे जुड़ी सड़कों को चिन्हित कर निर्माण एवं विध्वंस अपशिष्ट का शत-प्रतिशत उठाव सुनिश्चित करें। संबंधित स्थलों की जीपीएस युक्त तस्वीरें ऑनलाइन पोर्टल पर अपलोड की जा रही हैं तथा रात्रिकालीन विशेष अभियान चलाकर निर्माण एवं विध्वंस सामग्री हटाने की कार्रवाई लगातार जारी है।इसके साथ ही, जोनल निरीक्षकों को यह भी सुनिश्चित करने का निर्देश दिये गये हैं कि उनके क्षेत्र में कोई भी गार्बेज वल्नरेबल प्वॉइंट विकसित न हो, सफाई व्यवस्था नियमित रूप से संचालित होती रहे तथा नाला उड़ाही से निकले सिल्ट का समयबद्ध उठाव हर हाल में सुनिश्चित किया जाये।
नगर आयुक्त श्री मीणा ने सभी जोनल निरीक्षकों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि उन्हें अपने-अपने क्षेत्र की स्थिति पर लगातार निगरानी रखनी होगी और किसी भी प्रकार की लापरवाही पर जवाबदेही तय करते हुए कार्रवाई की जाएगी।
इस व्यवस्था के तहत जोनल निरीक्षकों की जवाबदेही तय होने से सफाई व्यवस्था अधिक प्रभावी, पारदर्शी और उत्तरदायी बन रही है। नगर निगम का उद्देश्य है कि सभी 19 जोनों में तय जिम्मेदारी के साथ नियमित निगरानी और कार्रवाई हो, जिससे नागरिकों को स्वच्छ, सुरक्षित और व्यवस्थित शहरी वातावरण उपलब्ध कराया जा सके।
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