समस्तीपुर , सितंबर 25 -- शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने शुक्रवार को कहा है कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय के विचारों और आदर्शों से प्रेरणा लेकर शिक्षा को अंत्योदय से जोड़ने की जरूरत है, जिससे समाज की आखिरी कतार में खड़े परिवारों तक भी शिक्षा का लाभ पहुंच सके।
शिक्षा मंत्री ने शिक्षकों, अभिभावकों और पार्टी कार्यकर्ताओं से इस दिशा में संकल्प के साथ काम करने की अपील की।
श्री तिवारी शुक्रवार को पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती के अवसर पर समस्तीपुर स्थित भाजपा कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय के विचारों और आदर्शों से प्रेरणा लेकर उन्होंने अपने सामाजिक जीवन की शुरुआत की थी।
शिक्षा मंत्री ने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय का 'एकात्म मानववाद' सामाजिक जीवन का मूल मंत्र है। समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास और शिक्षा का लाभ पहुंचाना अंत्योदय की मूल भावना है। उन्होंने कहा कि शिक्षा के माध्यम से समाज की आखिरी कतार में खड़े परिवारों को मुख्यधारा से जोड़ा जा सकता है।
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