जालंधर , अक्टूबर 24 -- पंजाब प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष परगट सिंह ने धान की खरीद एवं उठान में देरी को लेकर शनिवार को आम आदमी पार्टी (आप) की सरकार पर निशाना साधा और धान खरीद में करीब 4,000 करोड़ रुपये के घोटाले का आरोप लगाते हुए कहा कि दिल्ली के 'लुटेरे' पंजाब को लूटने निकले हैं।
श्री सिंह ने आरोप लगाया कि चावल मिल मालिकों और निजी एजेंसियों के बीच प्रति बोरी 200 रुपये के कथित लेन-देन का मामला है। उन्होंने मंडी में किसानों की शिकायतें सुनने के बाद खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के अधिकारियों को फोन कर खरीद और धान के उठान में देरी पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि सरकार के दावों और मंडियों की वास्तविक स्थिति में बड़ा अंतर है तथा समय रहते प्रबंध नहीं किए जाने के कारण किसानों को परेशानी झेलनी पड़ रही है।
कांग्रेस नेता ने सवाल उठाया कि खरीद और उठान के लिए पर्याप्त इंतजाम करने के बजाय एक ही एजेंसी पर निर्भरता क्यों रखी गयी। उन्होंने आरोप लगाया कि एक पसंदीदा चावल मिल को ठेका देने से मनमानी की गुंजाइश पैदा हो सकती है और इससे किसानों तथा आढ़तियों के बीच टकराव की स्थिति बन सकती है। धान खरीद कथित तौर पर रोके जाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि पंजाब में करीब 1.8 करोड़ टन धान खरीदने का लक्ष्य है। उन्होंने सवाल किया कि लक्ष्य पूरा होने से पहले किसानों को खरीद बंद होने की बात कैसे कही जा सकती है। उन्होंने सरकार से धान की समयबद्ध खरीद, भुगतान और मंडियों से जल्द उठान सुनिश्चित करने की मांग की।
श्री परगट सिंह ने कहा कि किसानों ने दिन-रात मेहनत कर फसल तैयार की है और उसे बेचने के लिए उन्हें परेशान होना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि पंजाब की कृषि अर्थव्यवस्था से जुड़े इतने महत्वपूर्ण मामले में सरकार की लापरवाही स्वीकार्य नहीं है।
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