चंडीगढ़ , जून 24 -- पंजाब भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों ने बुधवार को पंजाब सरकार पर तीखा हमला करते हुए कहा कि राज्य अपने इतिहास के सबसे गंभीर नैतिक और संवैधानिक संकट का सामना कर रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि हालिया घटनाक्रमों ने पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार की कार्यप्रणाली और धार्मिक संस्थाओं के प्रति उसके रवैये को पूरी तरह उजागर कर दिया है।

चंडीगढ़ में जारी बयान में केवल सिंह ढिल्लों ने कहा कि हाल ही में दर्ज प्राथमिकी से यह आरोप सामने आया है कि पंजाब सरकार के अधिकारियों ने कथित तौर पर 10 लाख रुपये देकर एक फर्जी फोरेंसिक रिपोर्ट तैयार करवाई, ताकि सिख समुदाय और पंथ को गुमराह किया जा सके। उन्होंने दावा किया कि इस घटनाक्रम ने भाजपा और सिख समुदाय द्वारा पहले से उठाए जा रहे सवालों को सही साबित किया है।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि अकाल तख्त साहिब द्वारा मुख्यमंत्री भगवंत मान को कथित रूप से 'गुरु धोखी' और 'पंथ विरोधी' करार दिये जाने के बाद पंजाब सरकार नैतिक रूप से सत्ता में बने रहने का अधिकार खो चुकी है। उन्होंने कहा कि श्री अकाल तख्त साहिब की गरिमा और सम्मान किसी भी राजनीतिक पद या कुर्सी से ऊपर है।

श्री ढिल्लों ने कहा, "श्री अकाल तख्त साहिब का सम्मान हर पद, हर सत्ता और हर राजनीतिक महत्वाकांक्षा से ऊपर है।"उन्होंने राज्य के मंत्रियों, विधायकों और अधिकारियों से भी अपील की कि वे यह तय करें कि वे पंजाब की धार्मिक परंपराओं और सम्मान के साथ खड़े हैं या फिर गंभीर आरोपों का सामना कर रही सरकार के साथ।

भाजपा नेता ने आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल पर भी निशाना साधते हुए कहा कि उन्होंने पहले मुख्यमंत्री भगवंत मान का बचाव किया था, लेकिन अब प्राथमिकी दर्ज होने और अकाल तख्त की प्रतिक्रिया सामने आने के बाद उनकी चुप्पी कई सवाल खड़े करती है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान को बिना किसी देरी के अपने पद से इस्तीफा देना चाहिए, जबकि श्री केजरीवाल को पंजाब की जनता के सामने इस पूरे विवाद पर अपना पक्ष स्पष्ट करना चाहिए।

श्री ढिल्लों ने कहा कि भाजपा पंजाब न्याय, सत्य और पंजाब की सम्मानित धार्मिक संस्थाओं की गरिमा की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है तथा किसी भी संस्था को कमजोर करने के प्रयासों के खिलाफ अपनी आवाज उठाती रहेगी।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित