पटना , अप्रैल 06 -- बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में सोमवार को मुख्यमंत्री राहत कोष न्यासी पर्षद की 24वीं बैठक संपन्न हुयी।

मुख्यमंत्री राहत कोष न्यासी पर्षद की बैठक में मुख्यमंत्री श्री कुमार ने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिये गये।

बैठक में राज्य के बाहर विभिन्न दुर्घटनाओं में बिहार के 89 मृतकों के आश्रितों एवं 41 गंभीर रूप से घायलों को तथा राज्य के अंदर विभिन्न आपदाओं से हुयी 72 व्यक्तियों की मृत्यु के कारण मृतकों के परिजनों को अनुग्रह अनुदान सहायता राशि के रूप में में भुगतान किये गये कुल 04 करोड़ 70 लाख 50 हजार रूपये के व्यय की स्वीकृति दी गयी।

बाढ़ राहत शिविरों में जन्म लेने वाले लड़के एवं लड़कियों के जन्म पर तथा शिविरों में रह रहे लोगों के लिये बर्तन एवं वस्त्र आदि के क्रय के लिये 38 लाख 19 हजार 70 रूपये व्यय किया गया है, जिसकी स्वीकृति बैठक में प्रदान की गयी। 14 से 18 वर्ष के वैसे किशोर जिनको बाल श्रम से मुक्त कराया गया है, उनके पुनर्वास के लिये मुख्यमंत्री राहत कोष से 25 हजार रूपये प्रति किशोर की दर से 86 लाख रूपये का भुगतान श्रम संसाधन विभाग को किया गया है।

श्री कुमार ने बैठक में कहा कि मुख्यमंत्री राहत कोष से आपदा की स्थिति में लोगों की मदद की जाती है। इसके अलावा विविध कार्यों में लोगों की मदद की जाती है। इससे लोगों की काफी सहायता होती है। मुख्यमंत्री राहत कोष की भूमिका काफी महत्वपूर्ण है।

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