पटना , जुलाई 28 -- बिहार सरकार ने आश्वासन दिया है कि 26 जुलाई को शाम 6 बजे से पहले नीट/यूजी परीक्षा में कथित अनियमितताओं के विरोध में हुए प्रदर्शनों में भाग लेने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कोई दंडात्मक या प्रतिशोधात्मक कानूनी कार्रवाई नहीं की जाएगी।

विशेष सचिव (आईपीएस) क्षत्रनील सिंह ने यहां बताया कि सरकार ने निर्णय लिया है कि निर्धारित समय-सीमा से पहले राज्यभर में हुए प्रदर्शनों में शामिल किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कोई प्रतिकूल कानूनी कार्रवाई शुरू नहीं की जाएगी।

श्री सिंह ने कहा कि 26 जुलाई को शाम 6 बजे से पहले केवल प्रदर्शन में भाग लेने के कारण जिन लोगों के खिलाफ प्राथमिकी (एफआईआर), आपराधिक शिकायतें दर्ज की गईं या कारण बताओ नोटिस जारी किए गए थे, उन्हें वापस लेने की कानूनी प्रक्रिया तत्काल शुरू की जाएगी।

विशेष सचिव ने यह भी कहा कि निर्धारित समय-सीमा से पहले दर्ज मामलों के संबंध में गिरफ्तार या हिरासत में लिए गए सभी व्यक्तियों को तत्काल रिहा किया जाएगा।

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