जौनपुर, 04 सितंबर (वार्ता) वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो राकेश कुमार सिंह ने शुक्रवार को कहा कि स्वस्थ शरीर और स्वस्थ मन ही व्यक्ति की कार्य क्षमता तथा गुणवत्तापूर्ण जीवन की बुनियाद है। उन्होंने कहा कि निरोगी काया के लिए संतुलित जीवन शैली जरूरी है।

वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय में विश्वविद्यालय स्वास्थ्य केंद्र एवं अधिष्ठाता छात्र कल्याण के संयुक्त तत्वावधान में "जीवनशैली संबंधी रोगों का प्रबंधन एवं रोकथाम" विषय पर निःशुल्क स्वास्थ्य जाँच एवं परामर्श शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में विश्वविद्यालय के शिक्षकों, अधिकारियों, कर्मचारियों, छात्र-छात्राओं एवं उनके परिवारजनों सहित 130 लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। इस अवसर पर कुलपति प्रो. राकेश कुमार सिंह ने कहा कि आज की बदलती जीवनशैली के कारण खान-पान में असंतुलन, शारीरिक निष्क्रियता और तनाव जैसी समस्याएं तेजी से बढ़ रही हैं। ऐसे में बीमारी के उपचार से अधिक महत्वपूर्ण है कि हम उसके खतरे को समय रहते पहचानें और अपनी दिनचर्या में आवश्यक सुधार करें। नियमित स्वास्थ्य जाँच, संतुलित आहार, व्यायाम और अनुशासित जीवनशैली को अपनाकर अनेक बीमारियों की समय रहते रोकथाम की जा सकती है। उन्होंने विश्वविद्यालय परिवार से नियमित स्वास्थ्य परीक्षण कराने और स्वास्थ्य के प्रति सजग रहने का आह्वान किया।

कुलपति ने कहा कि विश्वविद्यालय केवल शिक्षा और शोध का केंद्र नहीं, बल्कि अपने शिक्षकों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों के समग्र विकास के प्रति भी प्रतिबद्ध है। इस दृष्टि से स्वास्थ्य जागरूकता से जुड़े ऐसे शिविर विश्वविद्यालय परिवार को स्वस्थ, सक्रिय और अधिक कार्यक्षम बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। शिविर का उद्देश्य बदलती जीवनशैली के कारण उत्पन्न हो रही स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति विश्वविद्यालय परिवार को जागरूक करना तथा उन्हें समय रहते आवश्यक स्वास्थ्य जाँच एवं विशेषज्ञ परामर्श उपलब्ध कराना था।

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