भोपाल , अगस्त 23 -- मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल के संत हिरदाराम नगर में सीहोर नाका के समीप करीब 30 वर्षों से खुले पड़े नाले और बुनियादी सुविधाओं की बदहाली से नाराज रहवासियों ने रविवार को प्रदर्शन किया। महिलाओं, पुरुषों और बुजुर्गों ने मुख्य सड़क पर चक्काजाम कर पार्षद का पुतला फूंका और समस्या का स्थायी समाधान नहीं होने पर मुख्यमंत्री निवास तक पैदल मार्च करने की चेतावनी दी।

रहवासियों के अनुसार होटल एमआर पैलेस के पास स्थित खुले नाले के कारण बारिश के दिनों में सड़क और नाले का अंतर खत्म हो जाता है। कई बार दोपहिया और चारपहिया वाहन नाले में फंस चुके हैं। परिवार होम्स, लेक सिटी और शिखर प्लाजा सहित आसपास की कॉलोनियों के लोगों को इसी रास्ते से आवागमन करना पड़ता है।

प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि लगातार शिकायतों के बावजूद नगर निगम और जनप्रतिनिधियों ने समस्या का स्थायी समाधान नहीं किया। बारिश के दौरान नाले में सीवेज भरने और पानी सड़क पर फैलने से आवागमन मुश्किल हो जाता है। कच्चे नाले की चौड़ाई भी बढ़ती जा रही है।

रहवासियों ने बताया कि स्थिति इतनी खराब है कि नगर निगम की कचरा गाड़ी और स्कूल बसें भी कॉलोनी के अंदर नहीं पहुंच पातीं। बच्चों को बारिश में कीचड़ और पानी से होकर मुख्य सड़क तक पैदल जाना पड़ता है। खुले नाले में पशुओं और पक्षियों के गिरने की घटनाएं भी होती रहती हैं।

वही वार्ड-3 की पार्षद करिश्मा मारन को लेकर भी रहवासियों ने नाराजगी जताई। उनका कहना है कि पार्षद के पति कई बार मौके पर आकर जल्द काम शुरू कराने का आश्वासन दे चुके हैं, लेकिन अब तक नाले को ढंकने और सड़क बनाने का काम शुरू नहीं हुआ है।

रहवासियों के मुताबिक जून में महापौर ने भी मौके का निरीक्षण कर अधिकारियों को खुले नाले की स्थिति पर नाराजगी जताते हुए जल्द समाधान के निर्देश दिए थे। विधायक के स्तर पर भी निरीक्षण किया जा चुका है, लेकिन इसके बावजूद सड़क, नाला और स्ट्रीट लाइट की समस्या बनी हुई है।

स्ट्रीट लाइट नहीं होने से रात में क्षेत्र में अंधेरा रहता है। रहवासियों ने आरोप लगाया कि अंधेरे का फायदा उठाकर शराबियों का जमावड़ा रहता है, जिससे महिलाओं को परेशानी होती है। उन्होंने पहले पुलिस गश्त किए जाने और बाद में करीब एक वर्ष से गश्त बंद होने की बात भी कही।

बारिश के मौसम में गंदे पानी और खुले नाले के कारण डेंगू सहित मच्छरजनित बीमारियों का खतरा बढ़ने की आशंका भी रहवासियों ने जताई। उन्होंने कहा कि वे नियमित रूप से विभिन्न करों का भुगतान करते हैं और बदले में सड़क, नाला तथा स्ट्रीट लाइट जैसी बुनियादी सुविधाएं चाहते हैं।

प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही सड़क, नाले और स्ट्रीट लाइट का काम शुरू नहीं हुआ तो वे सामूहिक रूप से मुख्यमंत्री निवास तक पैदल मार्च करेंगे। उन्होंने कहा कि मांग किसी राजनीतिक लाभ की नहीं, बल्कि सुरक्षित आवागमन और मूलभूत सुविधाओं की है।

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