नयी दिल्ली, 08 मई (वार्ता) रायबरेली (उत्तर प्रदेश) स्थित राष्ट्रीय औषधीय शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान (नाईपर) ने अनुसंधान, नवाचार और प्रौद्योगिकी व्यावसायीकरण में बहुदिशात्मक सहयोग बढाने के लिए लॉफ्टी लेबोरेटरीज, हैदराबाद के साथ समझौता ज्ञापन, गोपनीयता संरक्षण समझौता (सीडीए) और प्रौद्योगिकी हस्तांतरण समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं।

रसायन एवं उर्वरक मंत्रालय के औषधि विभाग की ओर से शुक्रवार को जारी एक विज्ञप्ति के अनुसार दोनों संगठनों ने व्यावसायीकरण और विकास के लिए नाईपर रायबरेली में विकसित उद्योग-अनुरूप तैयार तकनीक अपनाने पर सहमति जताई है जिसमें पारस्परिक हित के क्षेत्रों में मिल कर अनुसंधान और विकास के काम भी होंगे।

नाईपर-रायबरेली की निदेशक, प्रो. शुभिनी ए. सराफ ने कहा कि समझौता ज्ञापन और प्रौद्योगिकी हस्तांतरण समझौता दोनों संस्थानों को विभिन्न तरीकों से एक-दूसरे के अनुसंधान कार्यक्रमों में पूरक सहायता में सक्षम बनाएगा, जिसमें संस्थान के नवीन औषधि वितरण प्रणाली उत्कृष्टता केंद्र (सीओई-एनडीडीएस) की गतिविधियों में भागीदारी शामिल है। नवीन औषधि वितरण प्रणाली किसी औषधीय यौगिक को आवश्यकतानुसार सुरक्षित रूप से पहुंचाने के दृष्टिकोण, सूत्रीकरण, प्रौद्योगिकियों और प्रणालियों से है ताकि इसके वांछित चिकित्सीय प्रभाव प्राप्त किए जा सकें।

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