झुंझुनू , फरवरी 21 -- राजस्थान में झुंझुनू जिले के नवलगढ़ कस्बे में स्थित पंजाब नेशनल बैंक शाखा में हुए फर्जी गोल्ड लोन और गोल्ड चोरी के मामले का पुलिस ने खुलासा करते हुए छह और आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
सूत्रों ने शनिवार का बताया कि इसके बाद मामले में अब तक गिरफ्तार आरोपियों की संख्या आठ हो गई है। पुलिस पहले ही इस मामले में मुख्य आरोपी पूर्व बैंक प्रबंधक एवं उसके साथी बैंक के ही तदर्थ सदस्य को गिरफ्तार कर चुकी है। पुलिस ने इस मामले में अब तक आरोपियों के पास से एक किलो 555 ग्राम सोने के आभूषण बरामद किए हैं। बरामद सोने की बाजार कीमत करीब दो करोड़ 32 लाख रुपये आंकी गई है।
सूत्रों ने बताया कि अब तक की जांच में सामने आया है कि तत्कालीन शाखा प्रबंधक अमित जांगिड़ ने बैंक में 214 फर्जी गोल्ड लोन खाते खोलकर करीब आठ करोड़ 78 लाख रुपए का गबन किया।
पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति उपाध्याय ने बताया कि जांच में सामने आया है कि आरोपी असली सोने के आभूषण स्ट्रॉन्ग रूम से निकालकर उनकी जगह नकली आभूषण रख देते थे और खाताधारकों के ओटीपी प्राप्त करके लोन राशि निकाल ली जाती थी। मुख्य आरोपी पूर्व बैंक मैनेजर अमित जांगिड पर 20 हजार रुपये का इनाम घोषित था। उसे पूर्व में ही गिरफ्तार किया जा चुका है। संतोष सैनी को भी पुलिस ने पहले ही दबोच लिया था।
उन्होंने बताया कि अब पुलिस ने मामले में शामिल अन्य छह आरोपियों को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया है। गिरफ्तार आरोपियों में ओमप्रकाश (40) संदीप कुमार (29) सुनील कुमार (32) सुनिल सुण्डा (30) रमेश सैनी (40) और धीरज सैनी (32) शामिल हैं।
उल्लेखनीय है कि एक फरवरी को पंजाब नेशनल बैंक नवलगढ़ शाखा के वरिष्ठ शाखा प्रबंधक मुकेश सिहाग ने प्राथमिकी दर्ज कराई थी कि 28 जनवरी को गोल्ड सेफ की जांच के दौरान कई पैकेटों से छेड़छाड़ और असली सोने की जगह नकली आभूषण मिलने का मामला सामने आया। बैंक में गोल्ड सेफ द्वि-नियंत्रण प्रणाली से संचालित होता है, जिसकी संयुक्त जिम्मेदारी तत्कालीन शाखा प्रबंधक अमित जांगिड और अन्य अधिकारी के पास थी।
पुलिस गिरफ्तार आरोपियों की संपत्तियों की जांच कर रही है। इस मामले में शामिल अन्य संभावित आरोपियों की तलाश जारी है और जल्द ही और गिरफ्तारियां होने की संभावना है।
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