नैनीताल , जून 19 -- उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने पंतनगर कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय की भूमि पर स्थित नगला मस्जिद को हटाने संबंधी विवाद में दायर याचिका का निस्तारण करते हुए मस्जिद कमेटी को नया प्रत्यावेदन देने और विश्वविद्यालय प्रशासन को उस पर विधिसम्मत निर्णय लेने के निर्देश दिए हैं। अदालत ने फिलहाल मस्जिद को लेकर कोई अंतिम फैसला नहीं दिया है।

मामले की सुनवाई के दौरान न्यायमूर्ति मनोज कुमार तिवारी की एकलपीठ ने कहा कि मस्जिद कमेटी 10 दिनों के भीतर विश्वविद्यालय प्रशासन को इस संबंध में एक और प्रत्यावेदन प्रस्तुत करे। विश्वविद्यालय प्रशासन उस प्रत्यावेदन पर चार सप्ताह के भीतर कानून के अनुसार निर्णय ले।

अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि जब तक विश्वविद्यालय प्रशासन प्रत्यावेदन पर कोई निर्णय नहीं लेता, तब तक मस्जिद को हटाने संबंधी कोई अग्रिम कार्रवाई न की जाए और यथास्थिति बनाए रखी जाए।

याचिका में मस्जिद कमेटी का कहना था कि तहसील किच्छा के नगला क्षेत्र में मस्जिद वर्ष 1974 से मौजूद है। बाद में इसे स्थायी स्वरूप देने के लिए वर्ष 1980 में तत्कालीन उत्तर प्रदेश सरकार से अनुमति मांगी गई थी, जिसे स्वीकृति मिल गई थी। कमेटी का दावा है कि मस्जिद वैध रूप से स्थापित है और इसे अतिक्रमण नहीं माना जा सकता।

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