श्रीनगर , अक्टूबर 30 -- जम्मू-कश्मीर पुलिस ने शुक्रवार को बताया कि उसने बांदीपोरा जिले से एक ऐसे भगोड़े को गिरफ्तार किया है, जो धोखाधड़ी और जालसाजी के एक मामले में पिछले 16 वर्षों से गिरफ्तारी से बच रहा था।
आरोपी की पहचान श्रीनगर के मुजगुंड निवासी अब्दुल मजीद डार उर्फ 'कावा' के रूप में हुई है। अधिकारियों ने बताया कि उसे सुंबल पुलिस थाने की एक पुलिस टीम ने गिरफ्तार किया।
पुलिस के अनुसार, आरोपी सुंबल पुलिस थाने में 2010 में दर्ज प्राथमिकी नंबर 84/2010 के मामले में वांछित था। यह मामला रणबीर दंड संहिता (आरपीसी) की धाराओं 420, 468, 471 और 109 के तहत दर्ज किया गया था।
इन आरोपों में धोखाधड़ी और बेईमानी से संपत्ति सौंपने के लिए प्रेरित करना (धारा 420), धोखाधड़ी के उद्देश्य से जालसाजी करना (धारा 468), किसी जाली दस्तावेज या इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड को असली के रूप में इस्तेमाल करना (धारा 471), और किसी अपराध के लिए भड़काना शामिल हैं।
पुलिस ने बताया कि 2010 में मामला दर्ज होने के बाद से ही डार फरार था। वह लगभग 16 वर्षों तक कानूनी प्रक्रिया से बचता रहा, जिसके बाद उसे खोज निकाला गया और गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस का कहना है कि यह गिरफ्तारी भगोड़ों को खोजने और न्यायिक प्रक्रिया से बचने वालों को न्याय के दायरे में लाने के लिए उनके निरंतर प्रयासों को दर्शाती है।
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