नयी दिल्ली , अप्रैल 10 -- दिल्ली के पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने शुक्रवार को कहा कि धार्मिक संस्थान हमारी संस्कृति और मूल्यों की मजबूत नींव हैं।
श्री सिरसा ने विभिन्न धार्मिक स्थलों के प्रतिनिधियों, वन एवं पर्यावरण विभाग और अन्य एजेंसियों के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ आज यहां उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में उन्होंने इस अभियान का पूरा रोडमैप साझा किया। यह पहल सरकार के उस बड़े लक्ष्य का हिस्सा है, जिसके तहत 22 विभागों के माध्यम से 70 लाख से अधिक पेड़, पौधे और झाड़ियां लगाई जानी हैं।
उन्होंने कहा "धार्मिक संस्थान हमारी संस्कृति और मूल्यों की मजबूत नींव हैं। अगर हम इन जगहों पर मिलकर पेड़ लगाएंगे, तो हम न केवल पर्यावरण सुधारेंगे बल्कि लोगों में जागरूकता भी बढ़ाएंगे।" उन्होंने बताया कि इस अभियान के तहत सभी पौधे वन विभाग और एमसीडी, एनडीएमसी और डीडीए के हॉर्टिकल्चर विभागों द्वारा मुफ्त दिए जाएंगे। उन्होंने संस्थानों से अपील की कि वे अपने परिसर में उपलब्ध जगह की पहचान करें और कितने पौधे और कौन-सी प्रजाति चाहिए, इसकी जानकारी समय पर दें।
पर्यावरण मंत्री ने कहा "हमारा लक्ष्य साफ है जहां लोग इकट्ठा होते हैं, प्रार्थना करते हैं और प्रकृति से जुड़ते हैं, वहां ज्यादा से ज्यादा पौधे लगाए जाएं। इन पवित्र स्थलों पर पेड़ लगाने से हवा भी साफ होगी और प्रकृति के प्रति सम्मान भी मजबूत होगा।" जनभागीदारी पर जोर देते हुए उन्होंने कहा "यह सिर्फ सरकार का कार्यक्रम नहीं है, यह जन आंदोलन है। आप एक पेड़ लगाएं , हर प्रयास मायने रखता है। सरकार आपकी पूरी मदद करेगी।"दिल्ली सरकार का मानना है कि धार्मिक और सामुदायिक स्थलों के साथ पर्यावरण को जोड़कर यह पहल न केवल हरियाली बढ़ाएगी बल्कि लोगों में लंबे समय तक पर्यावरण के प्रति जागरूकता भी बनाएगी। यह अभियान चरणों में लागू किया जाएगा, जिसमें जुलाई के मानसून सीजन के दौरान बड़े स्तर पर पौधारोपण किया जाएगा, ताकि पौधों की बेहतर वृद्धि और जीवित रहने की संभावना बढ़ सके।
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