नयी दिल्ली , जनवरी 30 -- दिल्ली सरकार राष्ट्रीय राजधानी में धार्मिक पर्यटन और भजन क्लबिंग को बढ़ावा देगी ताकि दिल्लीवासियों के साथ-साथ देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों को आध्यात्मिक, सांस्कृतिक और सकारात्मक अनुभव प्राप्त हो सके।

पर्यटन मंत्री कपिल मिश्रा ने शुक्रवार को चेन्नई में टूरिज्म समिट 2026 के तहत हुए एक कार्यक्रम में कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में पूरी दुनिया में भारत धार्मिक पर्यटन के 'सबसे प्रमुख घरेलू और अंतर्राष्ट्रीय हब' के रूप में उभरा है। अब दिल्ली को भी धार्मिक पर्यटन में अग्रणी बनाना है। इसके लिए दिल्ली में धार्मिक महत्व से जुड़े रूट्स विकसित किए जायेंगे जिससे विभिन्न धार्मिक स्थलों के दर्शन एक सुव्यवस्थित मार्ग के माध्यम से कराए जा सकें। इससे धार्मिक पर्यटन को नई दिशा मिलेगी।

उन्होंने कहा कि युवाओं में 'भजन क्लबिंग' की सुंदर परम्परा लोकप्रिय हो रही है। प्रधानमंत्री ने भी 'भजन-कीर्तन को भारतीय संस्कृति की आत्मा कह कर इस परम्परा की सराहना की है, अब दिल्ली सरकार इसे हर उम्र और हर वर्ग में बढ़ावा देने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाएगी।

श्री मिश्रा ने कहा कि दिल्ली में पर्यटन विकास के लिए लैंडमार्क-फोकस्ड एप्रोच को आधार बनाया जाएगा। राजधानी के प्रमुख धार्मिक, ऐतिहासिक और सांस्कृतिक स्थलों को केंद्र में रखकर आधुनिक सुविधाएँ, बेहतर कनेक्टिविटी और अनुभव-आधारित पर्यटन को विकसित किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि पर्यटन रोज़गार और करियर निर्माण का भी एक बड़ा माध्यम है। टूर गाइड, होटल इंडस्ट्री, ट्रेवल ऑपरेटर्स और एविएशन सेक्टर जैसे कई क्षेत्रों में रोजगार के अवसर हैं।

पर्यटन मंत्री ने कहा कि दिल्ली में सामाजिक और सांस्कृतिक विविधता के कारण 'मिनी भारत' की झलक मिलती है। दिल्ली में इतिहास और आधुनिकता की भी झलक है। यहाँ करीब 1200 संरक्षित स्मारक हैं। दिल्ली ऐतिहासिक विरासत, सांस्कृतिक विविधता, खान-पान और आधुनिक बुनियादी ढांचे का अनूठा संगम है, जिसे देश-विदेश के पर्यटकों तक और प्रभावी ढंग से पहुँचाया जाएगा। यमुना में क्रूज चलाने की योजना भी इसका महत्वपूर्ण हिस्सा है।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित