रांची , अक्टूबर 10 -- भारत के उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन शनिवार को एक दिवसीय दौरे पर झारखंड के देवघर पहुंचे। देवघर एयरपोर्ट पर झारखंड के राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने उनका स्वागत किया। इसके बाद उपराष्ट्रपति अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स), देवघर पहुंचे, जहां उन्होंने संस्थान के दूसरे दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया। समारोह में चिकित्सा और नर्सिंग की पढ़ाई पूरी करने वाले विद्यार्थियों को डिग्रियां प्रदान की गईं।

दीक्षांत समारोह को संबोधित करते हुए उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में चिकित्सा शिक्षा के विस्तार को बड़ी उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा कि पहले देश में केवल दिल्ली में एम्स था, जबकि अब एम्स संस्थानों का विस्तार हुआ है। वर्ष 2014 में देश में 387 मेडिकल कॉलेज थे, जिनकी संख्या बढ़कर अब 846 हो गई है।

उन्होंने बताया कि देश में एमबीबीएस की सीटें 51 हजार से बढ़कर 1.79 लाख हो गई हैं। वहीं, स्नातकोत्तर यानी पीजी की सीटों की संख्या भी 31 हजार से बढ़कर 86 हजार से अधिक हो गई है। उपराष्ट्रपति ने कहा कि चिकित्सा शिक्षा के विस्तार से देश में डॉक्टरों की उपलब्धता बढ़ाने में मदद मिलेगी।

श्री कृष्णन ने कहा कि विकसित भारत के लक्ष्य को हासिल करने के लिए ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों तक बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाना बेहद जरूरी है। इस दिशा में एम्स देवघर महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। उन्होंने संस्थान की सराहना करते हुए कहा कि यह क्षेत्र के लोगों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने में योगदान दे रहा है।

उपराष्ट्रपति देवघर स्थित पीडी हिंदुजा हॉस्पिटल परिसर में आयोजित दो दिवसीय शौर्य संपर्क मेले के समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में भी शामिल हुए। यहां उनका पारंपरिक तरीके से भव्य स्वागत किया गया।

इस अवसर पर राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार, बाबा बैद्यनाथ मेडिकल ट्रस्ट हॉस्पिटल की चेयरपर्सन अनामिका गौतम, गोड्डा के सांसद निशिकांत दुबे, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू और राज्य के स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी समेत कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। उपराष्ट्रपति और अन्य अतिथियों ने मेले में लगाई गई प्रदर्शनी का निरीक्षण भी किया।

इस दौरान सीपी राधाकृष्णन ने झारखंड से अपने जुड़ाव का उल्लेख करते हुए कहा कि राज्य की धरती पर वापस आकर उन्हें बेहद अद्भुत अनुभव हो रहा है। उन्होंने कहा कि यहां आने पर उन्हें घर वापसी जैसी अनुभूति हो रही है।

ज्ञातव्य है कि भारतीय सेना के ट्रिनिटी एरिया के तत्वावधान में झारखंड एवं बिहार सब एरिया की ओर से 9 अक्टूबर को देवघर में दो दिवसीय शौर्य संपर्क मेमेले का शुभारंभ किया गया था। इस मेले का उद्देश्य सेना और आम नागरिकों के बीच संपर्क एवं संवाद को बढ़ावा देना है।

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