नयी दिल्ली , अगस्त 13 -- दिल्ली सरकार ने राजधानी को स्वस्थ और एचआईवी मुक्त बनाने के उद्देश्य से एचआईवी/एड्स के प्रति जागरूकता, रोकथाम, जांच और उपचार को मजबूत करने के लिए व्यापक अभियान तेज कर दिया है।
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह के मार्गदर्शन में गुरुवार को यहां रोहिणी स्थित डॉ. बीएसए अस्पताल में ''एड्स को जानें-एड्स को रोकें'' अभियान की शुरुआत की गयी। कार्यक्रम में 600 से अधिक विद्यार्थियों, गैर-सरकारी संगठनों, सहयोगी संस्थाओं और समुदायों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। इस दौरान युवाओं और समुदायों को एचआईवी के प्रति जागरूक करने तथा उन्हें जागरूकता के संदेश का वाहक बनाने के उद्देश्य से रैली भी निकाली गयी।
डॉ. सिंह ने कहा कि एचआईवी के बारे में जागरूकता केवल स्वास्थ्य का विषय नहीं, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी भी है। सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि प्रत्येक नागरिक को सही जानकारी, समय पर जांच, उपचार और आवश्यक सहायता उपलब्ध हो। एचआईवी से जुड़ी गलतफहमियों और भ्रांतियों को दूर करना जरूरी है तथा एचआईवी के साथ जीवन जी रहे किसी भी व्यक्ति को उसकी स्थिति के कारण भेदभाव का सामना न करना पड़े, इसके लिए समाज को संवेदनशील बनाना होगा।
उन्होंने युवाओं की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए छात्रों, शिक्षण संस्थानों, स्वास्थ्यकर्मियों, सामाजिक संगठनों और समुदाय के प्रतिनिधियों से अभियान में सक्रिय भागीदारी की अपील की। उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक और सही जानकारी को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाकर एचआईवी की रोकथाम और समय पर उपचार के प्रति जागरूकता बढ़ायी जा सकती है।
अभियान के तहत ग्रामीण क्षेत्रों, कॉलोनियों और झुग्गी-बस्तियों में जागरूकता बैठकें, लोक प्रस्तुतियां, स्कूल-कॉलेजों में कार्यक्रम, फ्लैश मॉब, जागरूकता रैलियां और घर-घर संपर्क अभियान चलाये जायेंगे। इसके अलावा एचआईवी जागरूकता एवं जांच शिविर आयोजित करने के साथ डिजिटल प्लेटफॉर्म और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स के माध्यम से भी जागरूकता संदेश लोगों तक पहुंचाया जायेगा।
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य एचआईवी जागरूकता को अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों तक सीमित न रखकर समुदायों, शिक्षण संस्थानों और घर-घर तक पहुंचाना है। समय पर जांच और उचित उपचार से एचआईवी के साथ जीवन जी रहे लोगों के स्वास्थ्य में महत्वपूर्ण सुधार संभव है। साथ ही ऐसा वातावरण तैयार करना भी जरूरी है, जिसमें लोग डर, भेदभाव या सामाजिक बदनामी की चिंता के बिना जांच और उपचार करा सकें।
राष्ट्रीय एड्स एवं यौन संचारित संक्रमण नियंत्रण कार्यक्रम के तहत वर्ष 2025-26 में दिल्ली में कुल 14 लाख 29 हजार एचआईवी जांच की गयी। इनमें 5,570 मामले एचआईवी पॉजिटिव पाये गये।
दिल्ली सरकार एचआईवी के साथ जीवन जी रहे पात्र लोगों को आर्थिक सहायता भी प्रदान कर रही है। इस योजना में कुल 8,047 लाभार्थी शामिल हैं।
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