नयी दिल्ली , फरवरी 10 -- दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने साइबर निवेश धोखाधड़ी गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए उत्तर प्रदेश के सहारनपुर से 31 लाख रुपये की धोखाधड़ी के मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। एक अधिकारी ने मंगलवार को यह जानकारी दी।
आरोपियों की पहचान सर्वजीत (35), पवन (33) और पुनीत (32) के रूप में हुई है, ये सभी सहारनपुर के निवासी हैं। पुलिस के अनुसार, शिकायतकर्ता एक बहुराष्ट्रीय प्रौद्योगिकी कंपनी का कर्मचारी है और उससे वैध प्रतीत होने वाले ऑनलाइन प्लेटफॉर्मों के माध्यम से आईपीओ में निवेश करने के बहाने 31 लाख रुपये हस्तांतरित कराये गये और ठगी को अंजाम दिया गया।
पुलिस उपायुक्त (अपराध शाखा) आदित्य गौतम ने कहा, "इस मामले की जांच से पता चला है कि जालसाजों ने एक प्रतिष्ठित निवेश कंपनी का प्रतिनिधि बनकर फर्जी, स्व-निर्मित वेबसाइटें बनाईं और पीड़ितों को उच्च रिटर्न का वादा करके उन्हें लुभाया।"एलएलबी स्नातक सर्वजीत पर आरोप है कि उसने पैसों के बदले "सर्वहित मानव सेवा समिति" के नाम से एक फर्जी बैंक खाता उपलब्ध कराया था।
इसके बाद खाता सह-आरोपी पवन और पुनीत को सौंप दिया गया। कक्षा 12 तक शिक्षित पवन पर साइबर अपराधियों को फर्जी बैंक खाते उपलब्ध कराने और उनकी व्यवस्था करने का आरोप है, जबकि स्नातक पुनीत ने कथित रूप से सर्वजीत और पहले गिरफ्तार किए गए आरोपी दीपक सैनी से बैंक खाता किट प्राप्त की और उसे धोखाधड़ी गिरोह तक पहुंचाया।
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