सियोल , सितंबर 06 -- दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्यॉन्ग रविवार को चार दिवसीय दौरे पर फ्रांस रवाना हुए। इस दौरान वह फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के साथ शिखर बैठक करेंगे।

स्थानीय मीडिया के अनुसार, दोनों नेता सुरक्षा, अर्थव्यवस्था और अन्य महत्वपूर्ण क्षेत्रों में सहयोग मजबूत करने के उपायों पर चर्चा करेंगे। बैठक में परमाणु ऊर्जा परियोजनाओं में सहयोग और होर्मुज जलडमरूमध्य में सैनिकों की संभावित तैनाती का मुद्दा भी उठ सकता है। योनहाप ने राष्ट्रपति कार्यालय के एक अज्ञात अधिकारी के हवाले से यह जानकारी दी।

श्री ली का यह दौरा अप्रैल में मैक्रों की दक्षिण कोरिया यात्रा के कुछ महीने बाद हो रहा है। उस दौरान दोनों देशों ने अपने द्विपक्षीय संबंधों को बढ़ाकर "रणनीतिक साझेदारी" का दर्जा दिया था। यह यात्रा दक्षिण कोरिया और फ्रांस के बीच राजनयिक संबंधों की 140वीं वर्षगांठ के अवसर पर भी हो रही है।

दक्षिण कोरिया श्री ली की यात्रा को सुरक्षा, आर्थिक सहयोग और दोनों देशों के लोगों के बीच संपर्क सहित विभिन्न क्षेत्रों में फ्रांस के साथ सहयोग बढ़ाने के अवसर के रूप में देख रहा है।

श्री ली सबसे पहले नीस जाएंगे, जहां वह पास के सेंट-पॉल-डी-वेंस में आयोजित सिनेमा के भविष्य पर लुमिएर शिखर सम्मेलन में शामिल होंगे। सात सितंबर को होने वाले एक दिवसीय सम्मेलन की सह-अध्यक्षता श्री ली और मैक्रों करेंगे।

इस कार्यक्रम में करीब 150 राजनेताओं, नीति निर्माताओं और फिल्म उद्योग से जुड़े लोगों को आमंत्रित किया गया है। इसे फिल्म और वीडियो सामग्री के भविष्य पर केंद्रित पहला अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन बताया गया है।

सम्मेलन के महासचिव के अनुसार, इसमें कृत्रिम बुद्धिमत्ता के बढ़ते प्रभाव, सामाजिक माध्यम मंचों के साथ प्रतिस्पर्धा और फिल्म उद्योग में बढ़ती वित्तीय कमी जैसी चुनौतियों से निपटने के उपायों पर चर्चा होगी।

इसके बाद श्री ली मंगलवार से पेरिस में दो दिवसीय राजकीय यात्रा शुरू करेंगे। वहां वह मैक्रों के साथ अकेले दोपहर के भोजन में शामिल होंगे। इसके बाद द्विपक्षीय शिखर बैठक और फ्रांसीसी राष्ट्रपति द्वारा आयोजित रात्रिभोज होगा। श्री ली पेरिस में आयोजित एक कारोबारी बैठक में भी शामिल होंगे, जिसमें दक्षिण कोरिया और फ्रांस की 20 कंपनियां भाग लेंगी।

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