हैदराबाद , दिसंबर 31 -- तेलंगाना पर्यटन को 2025 में 22,324 करोड़ रुपये का निवेश मिलने से करीब 90000 हजार नौकरियां सृजित होने की उम्मीद है।

प्रदेश सरकार के पर्यटन विभाग की तरफ से बुधवार को जारी साल के आखिर के समीक्षा के मुताबिक तेलंगाना पर्यटन ने 2025 में एक बड़ी कामयाबी हासिल की, जिसमें 22,324 करोड़ रुपये के निवेश की प्रतिबद्धता मिलने से करीब 90,000 नौकरियां सृजित होने की उम्मीद है।

पर्यटन विभाग के अधिकारियों ने 2025 को एक अहम साल बताया, जिसने तेलंगाना को एक खास पर्यटन स्थल के तौर पर मजबूती से खड़ा किया, जो एकीकृत और आगे की सोच वाली तेलंगाना पर्यटन नीति 2025-2030 की वजह से हुआ। उन्होंने बताया कि कुल निवेश में से, 15,279 करोड़ रुपये की परियोजना 'टूरिज्म कॉन्क्लेव 2025' के दौरान तय हुए जबकि तेलंगाना राइजिंग ग्लोबल समिट ने 7,045 करोड़ रुपये का और योगदान दिया। फूडलिंक ग्लोबल सेंटर, सारस इंफ्रा और स्मार्ट मोबिलिटी जैसी बड़ी अंतरराष्ट्रीय कंपनियों ने सम्मेलन , संस्कृति और वेलनेस टूरिज्म में निवेश करने का वादा किया।

तेलंगाना ने हैदराबाद में 'मिस वर्ल्ड 2025' आयोजित करके दुनिया भर में अपनी पहचान बनाई, जिससे राज्य को एक आधुनिक , सुरक्षित और पर्यटन अनुकूल स्थल के तौर पर दिखाया गया। बथुकम्मा सेलिब्रेशन के दौरान सांस्कृतिक गौरव को नया आयाम मिला और तेलंगाना ने दो गिनीज़ वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाए जिनमें 19.44 मीटर की सबसे ऊंची फूलों की सजावट और 1,354 महिलाओं का सबसे बड़ा लोक नृत्य प्रदर्शन है। राज्य को ट्रैवल लीज़र से 'अच्छा विरासत स्थल' और आउटलुक ट्रैवलर से 'बेस्ट इंडिजिनस कलिनरी डेस्टिनेशन' जैसे पुरस्कार के साथ राष्ट्रीय पहचान भी मिली।

उन्होंने बताया कि 80 लोगों की पर्यटक पुलिस बल के लॉन्च के साथ आंगतुक सुरक्षा एक मुख्य फोकस एरिया के रूप में उभरी, जो पहले से ही प्रमुख पर्यटक स्थलों पर आपात बचाव और सम्पति रिकवरी का काम संभाल चुकी है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के बुनियादी विकास में लगातार प्रगति हुई, साल के दौरान 123 राज्य पर्यटन परियोजनाएं में से 78 पूरे हुयी। इसके अलावा, 'स्वदेश दर्शन 2.0' और प्रसाद जैसी केन्द्रीय योजना के तहत 275 करोड़ रुपये के परियोजना चल रही हैं, जिसमें अनंतगिरी हिल्स में एक इको-टूरिज्म ज़ोन और भोंगीर किले में एक अनुभवनात्मक पर्यटन शामिल है। हुसैन सागर झील में 120-सीटर डबल-डेक बोट 'मुचुकुंडा' के लॉन्च से वॉटर टूरिज्म को भी बढ़ावा मिला है।

अधिकारियों ने 2026 के रोडमैप के बारे में बताते हुए कहा कि फोकस खास और हाई-टेक टूरिज्म पहल पर होगा। योजना में हैदराबाद, सोमशिला और श्रीशैलम को जोड़ने वाले एक हेली-टूरिज्म सर्किट को पूरी तरह से चालू करना और नागार्जुन सागर, बसवापुर और सोमशिला में प्रीमियम डेस्टिनेशन वेडिंग हब बनाना शामिल है।

पर्यटन विभाग ने जनवरी 2026 में अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम के एक भरे-पूरे कैलेंडर की भी घोषणा की, जिसमें 19 देशों के प्रतिभागियों के साथ 'इंटरनेशनल काइट एंड स्वीट फेस्टिवल', यूरोपियन फ्लायर्स वाला 'हॉट एयर बैलून फेस्टिवल' और गाचीबोवली स्टेडियम में एक हाई-टेक ड्रोन शो शामिल है।

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