पटना , मई 20 -- अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कल्याण विभाग के मंत्री लखेंद्र कुमार रौशन ने बुधवार को कहा कि जनजातीय विकास के लिए शोध एवं तकनीकी नवाचारों को धरातल से जोड़ना और योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना आवश्यक है। जनजातीय गरिमा उत्सव-2026 के अवसर पर बिहार राज्य अनुसूचित जनजाति शोध एवं प्रशिक्षण संस्थान की ओर से एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। 'तकनीक आधारित जनजातीय विकास' विषय पर आयोजित इस कार्यशाला की अध्यक्षता अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कल्याण विभाग के मंत्री लखेंद्र कुमार रौशन ने की।
मंत्री श्री रौशन ने इस मौके पर कहा कि जनजातीय विकास के लिए शोध एवं तकनीकी नवाचारों को धरातल से जोड़ना और योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना आवश्यक है।
इस मौके पर विभागीय सचिव संदीप कुमार आर पुडकलकट्टी ने प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए कहा कि जनजातीय समूहों से संबंधित योजनाओं का लाभ और उसके बारे में जानकारी उन तक पहुंचना एक बड़ी चुनौती है जिसमें एआई बड़ी भूमिका निभाएगा।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित