बारां , अप्रैल 28 -- राजस्थान में बारां जिले के ढिकवानी गांव में पानी की गंभीर कमी के चलते पशु संपदा पर बड़ा संकट खड़ा हो गया है।
गांव का मुख्य एनिकट मिट्टी और गाद से भर जाने के कारण अपनी जलधारण क्षमता खो चुका है, जिससे पालतू, आवारा और वन्य पशुओं को पर्याप्त पानी नहीं मिल पा रहा। ग्रामीणों के अनुसार, पानी की कमी के कारण कई पशुओं की मौत हो चुकी है। यह एनिकट गांव का प्रमुख जल स्रोत है, जिस पर बड़ी संख्या में पशु निर्भर हैं। ग्रामीणों ने बताया कि स्थिति और गंभीर हो गयी है कि एनिकट में मृत पशुओं के अवशेष पड़े होने से पानी दूषित हो गया है, जिससे संक्रमण फैलने की आशंका बढ़ गयी है। यह न केवल पशुओं बल्कि ग्रामीणों के स्वास्थ्य के लिए भी चिंताजनक है।
ग्रामीणों ने बताया कि इस संबंध में पंचायत स्तर पर सूचना दी जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने प्रशासन से एनिकट की सफाई, गहरी खुदाई और शुद्धिकरण कार्य जल्द कराने की मांग की है, ताकि जल स्रोत का पुनर्जीवन हो सके और पानी की व्यवस्था सुधर सके।
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