राजनांदगांव , मार्च 11 -- आगामी चैत्र नवरात्र में छत्तीसगढ़ के डोंगरगढ़ स्थित माँ बम्लेश्वरी मंदिर के दर्शन के लिए आने वाले हजारों पदयात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए राजनांदगांव पुलिस ने व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं।

इसी क्रम में पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा ने अधिकारियों की टीम के साथ अंजोरा से डोंगरगढ़ तक लगभग 61.8 किलोमीटर लंबे पदयात्रा मार्ग का मंगलवार रात निरीक्षण किया जिसकी जानकारी बुधवार सुबह दी गयी।

निरीक्षण के दौरान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कीर्तन राठौर, डीएसपी अलेक्जेंडर किरो और यातायात प्रभारी नवरतन कश्यप भी मौजूद रहे। अधिकारियों की टीम ने मार्ग के प्रमुख चौक-चौराहों, विश्राम स्थलों और संभावित भीड़भाड़ वाले संवेदनशील स्थानों का जायजा लिया। साथ ही तुमड़ीबोड़ मार्ग से आने वाले पदयात्रियों के लिए अलग यातायात योजना भी तैयार की गई है।

पदयात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए इस वर्ष पुलिस द्वारा विशेष पहल की जा रही है। रात के समय पैदल चलने वाले श्रद्धालुओं की दृश्यता बढ़ाने के लिए उन्हें रेडियम बेल्ट और बैग या शर्ट पर लगाने के लिए रिफ्लेक्टर स्टिकर वितरित किए जाएंगे। इससे वाहन चालकों को दूर से ही पदयात्री दिखाई देंगे और सड़क दुर्घटनाओं की संभावना कम होगी।

यातायात को सुचारु बनाए रखने के लिए अंजोरा से आगे का मार्ग वन-वे रहेगा। सड़क का एक हिस्सा पूरी तरह पदयात्रियों के लिए आरक्षित किया जाएगा, ताकि वाहनों और श्रद्धालुओं की आवाजाही अलग-अलग रहे। इसके अलावा सीमावर्ती क्षेत्रों में जाम की स्थिति से बचने के लिए दुर्ग जिले और महाराष्ट्र के गोंदिया पुलिस के साथ भी समन्वय स्थापित किया गया है।

पुलिस व्यवस्था को अंतिम रूप देने के लिए 16 मार्च को राजनांदगांव पुलिस द्वारा स्टॉपर्स और बैरिकेडिंग के साथ मॉक ड्रिल आयोजित की जाएगी। एसपी अंकिता शर्मा ने बताया कि इस रिहर्सल का उद्देश्य ड्यूटी पर तैनात जवानों को उनके पॉइंट समझाना और व्यवस्था में किसी भी कमी को नवरात्र से पहले दूर करना है।

पुलिस प्रशासन ने पदयात्रियों से अपील की है कि वे निर्धारित मार्ग पर ही चलें, यातायात नियमों का पालन करें और सुरक्षित दर्शन के लिए पुलिस का सहयोग करें।

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