नयी दिल्ली , मार्च 18 -- दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति (डीपीसीसी) ने उत्तर-पश्चिम दिल्ली के हैदरपुर पुनर्विकास क्षेत्र में बिना अनुमति के चल रही 93 औद्योगिक इकाइयों को बंद करने के नोटिस जारी किए हैं।

एक अधिकारी ने बताया कि यह कार्रवाई औद्योगिक प्रदूषण पर लगाम लगाने और राष्ट्रीय राजधानी में जन स्वास्थ्य की रक्षा करने के प्रति दिल्ली सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।

अधिकारी के अनुसार विभाग ने अपनी प्रवर्तन मुहिम को और तेज़ कर दिया है। समिति की टीमें पूरे शहर में नियमों का पालन न करने वाली और प्रदूषण फैलाने वाली औद्योगिक इकाइयों की सक्रियता से पहचान कर रही हैं और उनके खिलाफ कार्रवाई कर रही हैं।

समिति ने चेतावनी दी है कि जो इकाइयां वायु प्रदूषण के मानदंडों का उल्लंघन करते हुए चल रही हैं, या जिनके पास वैध और ज़रूरी अनुमति नहीं हैं, उनके खिलाफ तत्काल कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्हें सील भी किया जा सकता है।

दिल्ली के पर्यावरण मंत्री मंज़िंदर सिरसा ने कहा, "दिल्ली सरकार शहर की हवा को सुरक्षित रखने के लिए नियमों का शत प्रतिशत पालन सुनिश्चित कर रही है।"श्री सिरसा ने ज़ोर देकर कहा, "प्रदूषण फैलाने वाली औद्योगिक इकाइयों के खिलाफ हमारी नीति 'ज़ीरो टॉलरेंस' की है।"उन्होंने कहा कि पूरे शहर में समिति की टीमें नियमों के पालन की निगरानी के लिए चौबीसों घंटे सर्वेक्षण कर रही हैं। उनका विशेष ध्यान उन औद्योगिक इकाइयों पर है जो उत्सर्जन मानकों और संचालन की अनुमतियों का उल्लंघन कर रही हैं।

श्री सिरसा ने कहा, "सरकार वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए प्रौद्योगिकी, प्रवर्तन और नीति-सभी मोर्चों पर काम कर रही है। इसमें प्रदूषण के स्रोत पर ही हस्तक्षेप करने को प्राथमिकता दी जा रही है।"उन्होंने बताया कि टीमें लगातार काम कर रही हैं और अवैध तथा अनधिकृत औद्योगिक इकाइयों की पहचान कर रही हैं। ऐसी सभी इकाइयों के संचालन के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की जाएगी।

उन्होंने कहा, "ये उपाय प्रदूषण के हॉटस्पॉट (अत्यधिक प्रदूषण वाले क्षेत्रों) को खत्म करने के व्यापक प्रयासों के अनुरूप हैं। इनका उद्देश्य आर्थिक गतिविधियों में बाधा डाले बिना एक स्वच्छ शहरी वातावरण का निर्माण करना है।"उन्होंने कहा कि सरकार ने नागरिकों से अपील की है कि वे प्रदूषण विरोधी पहलों में सरकार का सहयोग करें और नियमों के उल्लंघन की सूचना तत्काल दें। नागरिकों की सामूहिक सतर्कता से ही नियमों का प्रभावी ढंग से पालन सुनिश्चित किया जा सकता है।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित