जालौन , सितंबर 22 -- उत्तर प्रदेश में जालौन के जिलाधिकारी समीर ने कलेक्ट्रेट के विभिन्न पटलों, अनुभागों और राजस्व अभिलेखागार का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान राजस्व अभिलेखागार के कक्ष संख्या चार में गंदगी, फर्श पर बिखरे अभिलेख और चींटियां मिलने पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारी ऊषा निरंजन के विरुद्ध प्रतिकूल प्रविष्टि की कार्रवाई के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने प्रभारी नजारत एवं अभिलेखागार प्रभारी को नियमित सफाई, कीट नियंत्रण और अभिलेखों को सुरक्षित रखने के निर्देश दिए। अभिलेखों के रख-रखाव में कमियां मिलने पर भी कार्रवाई के निर्देश दिए गए। उन्होंने एडीएम वित्त एवं राजस्व को पूर्व निरीक्षण के संबंध में प्रभारी अधिकारी से स्पष्टीकरण लेने को कहा।
नकल व्यवस्था में पारदर्शिता के लिए निर्धारित आवेदन प्रारूप, डिजिटल फीडिंग और नकल उपलब्ध कराने की तिथि दर्ज करने के निर्देश दिए गए। नाजिर सदर को कंप्यूटर, इंटरनेट, प्रिंटर और आवेदकों के बैठने की व्यवस्था सुनिश्चित कराने को कहा गया।
संग्रह अनुभाग में वर्ष 2022 से 1.81 लाख रुपये तथा मैसर्स राम ट्रेडर्स की 2015 से 83.71 लाख रुपये से अधिक की वसूली लंबित मिली। डीएम ने प्रभावी वसूली के साथ जिम्मेदारी तय करने और शीर्ष दस बड़ी लंबित बकायेदारियों की विभागवार सूची प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
बिना स्वीकृत अवकाश अनुपस्थित मुख्य राजस्व अंकिक बृजेश निरंजन को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए। नजारत अनुभाग में वर्ष 2019 से लंबित धनराशि, संपत्ति पंजिका की प्रविष्टियों और करीब 35 ऑडिट आपत्तियों के निस्तारण को कहा गया।
डीएम ने कहा कि निरीक्षण को औपचारिकता न बनाया जाए और सभी प्रभारी अधिकारी निर्धारित समयसीमा में बिंदुवार अनुपालन आख्या प्रस्तुत करें। निरीक्षण के दौरान एडीएम वित्त एवं राजस्व राजीव राज, एडीएम न्यायिक योगेंद्र सिंह और नगर मजिस्ट्रेट सुनील कुमार सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित