रांची , अप्रैल 15 -- झारखंड के डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय (डीएसपीएमयू), रांची मंं एक व्यक्ति-एक पद, शैक्षणिक एवं प्रशासनिक मुद्दों सहित विभिन्न मांगों को लेकर आदिवासी छात्र संघ और आइसा (ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन) के संयुक्त आह्वान पर "प्रशासनिक भवन घेराव" किया गया। इस दौरान सभी वर्गों का संचालन भी बंद रखा गया।
घेराव कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के कुलपति, विभिन्न विभागों के डीन तथा छात्र नेताओं की उपस्थिति में वार्ता हुई। वार्ता के दौरान कुलपति ने छात्रों को आश्वस्त किया कि एक व्यक्ति-एक पद सहित अन्य मांगों पर राजभवन के पूर्व आदेश के अनुरूप एक सप्ताह के भीतर आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी।आदिवासी छात्र संघ के कार्यकारी अध्यक्ष दयाराम ने स्पष्ट किया कि यदि निर्धारित समयसीमा में मांगों को पूरा नहीं किया गया, तो आगे और उग्र आंदोलन किया जाएगा।
वहीं, आइसा रांची सचिव संजना मेहता ने कहा कि कुलपति का यह कहना कि जो शिक्षक अधिक डिग्री हैं, उन्हें अधिक पदभार दिया जाए, यह एक पद के लिए सभी को समान अवसर देने के सिद्धांत और नियम के खिलाफ है तथा यह कुलपति की असमानतावादी सोच को दर्शाता है।
इस प्रदर्शन में आदिवासी छात्र संघ की ओर से दयाराम, अमृत मुंडा, अखिलेश पाहन, सुजीत कच्छप, अमृत उरांव, प्रभात उरांव, सुभाष मुंडा सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे। वहीं आइसा की ओर से त्रिलोकीनाथ, संजना मेहता, विजय कुमार, राहुल महतो, सोनाली केवट समेत सैकड़ों छात्र-छात्राओं ने भाग लिया।
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