रांची , मार्च 25 -- झारखंड के पूर्वी सिंहभूम जिले के बहरागोड़ा प्रखंड के पानीपाड़ा नागुडसाई क्षेत्र में सेना की बम निरोधक विशेषज्ञ टीम ने अत्याधुनिक उपकरणों और तकनीकी विशेषज्ञता का उपयोग करते हुए दोनों बमों को सफलतापूर्वक आज निष्क्रिय कर दिया गया।
स्वर्णरेखा नदी किनारे बीते दिनों द्वितीय विश्व युद्ध काल के दो बम बरामद हुए जो लोगों के बीच कौतूहल का विषय बना हुआ था। सूचना मिलते ही प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां तुरंत सक्रिय हो गईं थी। घाटशिला के एसडीओ सुनील चन्द्रा ने घटना की पुष्टि की है।
वहीं घटना की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए घटनास्थल के आसपास लगभग एक किलोमीटर के क्षेत्र को खाली करा दिया गया। आम लोगों की आवाजाही पूरी तरह प्रतिबंधित कर दी गई और पूरे इलाके की घेराबंदी कर सुरक्षा व्यवस्था सख्त कर दी गई थी, ताकि किसी भी संभावित खतरे से बचा जा सके।
प्राथमिक जानकारी के अनुसार ये बम द्वितीय विश्व युद्ध के समय के बताए जा रहे हैं और काफी भारी-भरकम थे। यदि समय रहते इन्हें निष्क्रिय नहीं किया जाता, तो बड़ा हादसा हो सकता था। सेना और प्रशासन की तत्परता से एक संभावित बड़ी दुर्घटना टल गई।
पूरे ऑपरेशन के दौरान प्रशासन और सुरक्षा बलों ने अत्यंत संयम और सतर्कता के साथ कार्य किया। स्थानीय लोगों ने भी प्रशासन के निर्देशों का पालन किया, जिससे पूरा अभियान बिना किसी बाधा के सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
बम निष्क्रिय होने के बाद इलाके में स्थिति सामान्य हो गई है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि भविष्य में यदि कोई संदिग्ध वस्तु दिखाई दे, तो तुरंत संबंधित अधिकारियों को सूचित करें, ताकि समय रहते उचित कार्रवाई की जा सके।
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