श्रीनगर , मई 20 -- जम्मू-कश्मीर पुलिस ने बुधवार को श्रीनगर में कथित रूप से मादक पदार्थों से जुड़ी एक संपत्ति को ध्वस्त कर दिया और नशीली दवाओं से संबंधित मामलों में शामिल लोगों के खिलाफ प्रशासनिक कार्रवाई शुरू करते हुआ अपना नशा विरोधी अभियान तेज कर दिया।
पुलिस ने अनंतनाग में मादक पदार्थों से संबंधित कानून के तहत दर्ज मामले में एक आरोपी को अदालत से जमानत मिलने के बाद उसके पैर में जीपीएस से लैस उपकरण लगा दिया। पुलिस ने बताया कि अदालत के निर्देशों के अनुपालन में, अनंतनाग के प्रकाशपोरा अंछीदूरा में रह रहे मूल रूप से कापरन वेरीनाग निवासी ऐजाज अहमद तांत्रे के पैर में यह उपकरण लगाया गया है, ताकि उसकी गतिविधियों की निरंतर निगरानी और जमानत की शर्तों का पालन सुनिश्चित किया जा सके।
पुलिस के अनुसार, जीपीएस एंकलेट पैर के टखने में बांधा जाने वाला एक इलेक्ट्रॉनिक निगरानी उपकरण है, जो आरोपी की वास्तविक समय में मौजूदगी के स्थान की जानकारी देता है और अधिकारियों को अदालत द्वारा लगाई गई शर्तों का पालन सुनिश्चित करने में मदद करता है।
पुलिस ने कहा कि यह पहल नशीले पदार्थों के कारोबार से जुड़े अपराधियों पर निगरानी मजबूत करने और नशीली दवाओं की तस्करी और मादक पदार्थों के दुरुपयोग से निपटते समय जवाबदेही तय करने के प्रयासों को दर्शाती है। इस बीच, श्रीनगर में, लाल बाजार पुलिस स्टेशन ने लाल बाजार के हाका बाजार में सरकारी भूमि पर बने एक कथित अवैध दो मंजिला ढांचे को उसके साथ जुड़े एक कमरे और शौचालय सहित ध्वस्त कर दिया। लगभग नौ मरला भूमि पर फैली और करीब 1.5 करोड़ रुपये मूल्य की यह संपत्ति हाका बाजार लाल बाजार निवासी औऱ वांछित मादक पदार्थ तस्कर अर्शिद अहमद शेख से जुड़ी थी। उसकी कथित तौर पर एनडीपीएस के कई मामलों में पुलिस को तलाश है।
अधिकारियों ने कहा कि यह ध्वस्तीकरण अभियान खानयार के कार्यकारी मजिस्ट्रेट और श्रीनगर नगर निगम के अधिकारियों की उपस्थिति में चलाया गया, जो मादक पदार्थों के व्यापार के माध्यम से कथित रूप से तैयार किये गये बुनियादी ढांचे और वित्तीय तंत्र को ध्वस्त करने के प्रयासों का हिस्सा है। एक अन्य कार्रवाई में, हंदवाड़ा उप-जिले में पुलिस ने एनडीपीएस मामलों में शामिल व्यक्तियों के 14 ड्राइविंग लाइसेंस और दो वाहन पंजीकरण प्रमाण पत्र रद्द करवाये।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित