जम्मू , मई 06 -- भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु चिब ने जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा बहाल करने के मुद्दे पर कहा है कि यह मांग केवल अपील करने से पूरी नहीं होगी, बल्कि इसके लिए आक्रामक और संगठित जनआंदोलन की जरूरत है।
श्री चिब ने बुधवार को डोडा जिले में आयोजित एक दिवसीय सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि अब समय अधिकार जताने का है, न कि केवल विनती करने का।उन्होंने जम्मू-कश्मीर की मौजूदा सरकार और विशेष रूप से नेशनल कॉन्फ़्रेंस के नेताओं पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे भारतीय जनता पार्टी(भाजपा) के प्रति अत्यधिक नरम रुख अपना रहे हैं। उन्होंने जोर दिया कि "राजनीतिक समर्पण" से राज्य का दर्जा कभी हासिल नहीं होगा, बल्कि इसके लिए मजबूत और दबाव बनाने वाली रणनीति जरूरी है।
उन्होंने राज्य के दर्जे के मुद्दे को संवैधानिक गरिमा, लोकतांत्रिक अधिकार और क्षेत्रीय पहचान से जोड़ते हुए कहा कि लंबे समय से हो रही देरी ने जनता में असंतोष बढ़ाया है। ऐसे में युवाओं और राजनीतिक कार्यकर्ताओं को अधिक सक्रिय और आक्रामक भूमिका निभानी होगी। उन्होंने कांग्रेस के "हमारी रियासत, हमारा हक" अभियान का समर्थन करते हुए कहा कि यह केवल प्रतीकात्मक पहल नहीं बल्कि एक मजबूत जनआंदोलन बन रहा है, जो सरकार पर लगातार दबाव बनाएगा।
श्री चिब ने कहा कि राज्य का दर्जा बहाल करना जम्मू-कश्मीर की लोकतांत्रिक पहचान और सम्मान से जुड़ा हुआ मुद्दा है। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं, सिविल सोसाइटी और आम नागरिकों से अपील की कि वे अब निष्क्रिय रहने के बजाय एकजुट होकर अपने अधिकारों के लिए मजबूती से आवाज उठाएं।
उन्होंने कहा कि इस अभियान को हर जिले और हर समुदाय तक फैलाना जरूरी है ताकि इसे नजरअंदाज न किया जा सके। इसके अलावा उन्होंने स्मार्ट मीटर हटाने और रोजगार सृजन जैसे वादों को पूरा न करने पर सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि बार-बार किए गए वादों के बावजूद जमीनी स्तर पर कोई ठोस प्रगति नहीं दिख रही है, जिससे युवाओं में निराशा बढ़ रही है।
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