बीजापुर , मई 22 -- छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले के सुदूर और संवेदनशील ग्रामीण क्षेत्रों में प्रशासनिक पहुंच को मजबूत करने के उद्देश्य से कलेक्टर विश्वदीप, पुलिस अधीक्षक डॉ. जितेन्द्र यादव और जिला पंचायत मुख्य कार्यपालन अधिकारी नम्रता चौबे ने ग्राम पंचायत सागमेटा, सण्ड्रा, एडापल्ली और पीलूर का दौरा कर जन चौपाल के माध्यम से ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं।

अधिकारियों के गांव पहुंचने पर ग्रामीणों में उत्साह और भरोसे का माहौल देखने को मिला। जन चौपाल में ग्रामीणों ने सड़क निर्माण, राशन वितरण, पेयजल संकट, स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी, शिक्षा, आवागमन और अन्य मूलभूत समस्याओं को अधिकारियों के समक्ष रखा।

कलेक्टर विश्वदीप ने समस्याओं के त्वरित निराकरण के निर्देश संबंधित विभागीय अधिकारियों को देते हुए कहा कि शासन की प्राथमिकता अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना है तथा दूरस्थ क्षेत्रों के लोगों को सुविधाओं के लिए भटकना नहीं पड़े।

उन्होंने "बस्तर मुन्ने" कार्यक्रम के तहत शत-प्रतिशत सैचुरेशन सुनिश्चित करने और पात्र ग्रामीणों को आवश्यक दस्तावेज सरलता से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। साथ ही विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ समयबद्ध तरीके से हितग्राहियों तक पहुंचाने पर जोर दिया।

दौरे के दौरान अधिकारियों ने क्षेत्र में चल रहे जनगणना कार्य की भी समीक्षा की और ग्रामीणों को इसके महत्व की जानकारी देते हुए सहयोग की अपील की।

पुलिस अधीक्षक डॉ. जितेन्द्र यादव ने ग्रामीणों से संवाद कर सुरक्षा व्यवस्था, सामाजिक सहभागिता और प्रशासन के साथ समन्वय बनाए रखने पर बल दिया। वहीं जिला पंचायत सीईओ नम्रता चौबे ने पंचायत स्तर पर संचालित विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए गुणवत्ता और समय-सीमा का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए।

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