कानपुर , जनवरी 30 -- जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने शुक्रवार अपराह्न विकास खंड कार्यालय चौबेपुर का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कार्यालय परिसर में गंदगी, अपर्याप्त प्रकाश व्यवस्था, खराब शौचालय और प्रेरणा कैंटीन बंद मिलने पर उन्होंने कड़ी नाराजगी जताई तथा जिम्मेदार अधिकारियों से जवाब तलब किया।

निरीक्षण में सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) अतुल शुक्ला, बीटीए कन्हैया लाल और सहायक अभियंता (आरईएस) विवेक सिंह अनुपस्थित पाए गए। उपस्थिति पंजिका में अनियमितता मिलने पर जिलाधिकारी ने खंड विकास अधिकारी यशवीर सिंह को दो दिन के भीतर स्पष्टीकरण देने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण की सुनवाई प्रक्रिया का भी जायजा लिया, जहां फार्म-6 की कमी की शिकायत सामने आई। इस पर उप जिलाधिकारी बिल्हौर और खंड विकास अधिकारी को सभी सुनवाई स्थलों पर पर्याप्त मात्रा में फार्म-6 उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। साथ ही लेखा कक्ष में पिछले 15 दिनों से बिजली बाधित होने, परिसर में गंदगी और जलापूर्ति की समस्या पर भी नाराजगी जताई गई।

पूर्व निर्देशों के बावजूद सुधार न होने पर जिलाधिकारी ने खंड विकास अधिकारी और सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) के जनवरी माह के वेतन आहरण पर अग्रिम आदेशों तक रोक लगा दी। उन्होंने सभी कमियों का शीघ्र निस्तारण कर फोटो सहित आख्या प्रस्तुत करने तथा मुख्य विकास अधिकारी को एक सप्ताह बाद पुनः निरीक्षण कर रिपोर्ट देने के निर्देश दिए।

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