भरतपुर , जून 06 -- मध्यप्रदेश के कूनो से निकल कर राजस्थान में करौली एवं धौलपुर के बीहड़ों में भटकने के बाद भरतपुर के बयाना के बंध बारैठा में पहुंचे चीता केपी-3 के शुक्रवार देर रात सिकंदरा गांव के पास पहाड़ियों में आने से ग्रामीणों में हड़कंप मच गया।
इससे पहले चीता बंध बारैठा क्षेत्र के टमकौली गांव में देखा गया था। वन विभाग के सूत्रों ने शनिवार को बताया कि दुधारू पशुओं को ही अपना शिकार बना रहे इस चीता पर कूनो राष्ट्रीय उद्यान का दल पूरी तरह नजर बनाये हुए हैं। शुक्रवार को भरतपुर वन विभाग के अधिकारी और जिला प्रशासन के अधिकारी भी चीता को देखने के लिए बंध बारैठा पहुंचे थे।
उन्हें बताया गया कि चीता को बंध बारैठा में भोजन और सुरक्षा मिल रही है, इसलिए फिलहाल वह यहां से नहीं जाना चाहता है। वन विभाग भी इस कोशिश में है कि चीता बंध बारैठा में ही रुक जाये, जिससे बंध बारैठा के पर्यटन को बढ़ावा मिल सके।
उल्लेखनीय है कि बंध बारैठा में करीब 12 तेंदुए भी मौजूद हैं। चीता का सामना तेंदुए से नहीं होता है तो चीता बंध बारैठा में लंबे समय तक रुक सकता है।
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