नयी दिल्ली , जनवरी 27 -- गंगा इंटरनेशनल स्कूल, हिरन कूदना के लिए आईसीसी वर्ल्ड कप ट्रॉफी टूर का चयन होना विद्यालय के इतिहास में एक अत्यंत गौरवपूर्ण और ऐतिहासिक उपलब्धि रहा। इस अवसर ने न केवल विद्यालय को राष्ट्रीय स्तर पर विशेष पहचान दिलाई, बल्कि विद्यार्थियों के मन में खेलों के प्रति उत्साह, आत्मविश्वास, अनुशासन और सकारात्मक सोच को भी सुदृढ़ किया।
इस विशेष अवसर पर विद्यालय परिसर उत्सव स्थल में परिवर्तित हो गया। नन्हे विद्यार्थियों से लेकर वरिष्ठ कक्षाओं के छात्रों तक सभी में आईसीसी वर्ल्ड कप ट्रॉफी को देखने का अद्भुत उत्साह देखने को मिला। 'इंडिया-इंडिया' के गगनभेदी नारों, तिरंगे के साथ ट्रॉफी के भव्य स्वागत ने पूरे वातावरण को देशप्रेम और खेल भावना से ओतप्रोत कर दिया।
यह अवसर इसलिए भी विशेष रहा क्योंकि विद्यालय के पूर्व छात्र एवं अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर हर्षित राणा की स्वर्णिम क्रिकेट यात्रा की नींव इसी विद्यालय में पड़ी। विद्यालय के कोच श्रवण कुमार के कुशल प्रशिक्षण, अनुशासन और मार्गदर्शन में उनकी प्रतिभा निरंतर निखरती गई। विद्यालय की खेल व्यवस्था और अनुभवी प्रशिक्षकों के सहयोग से हर्षित राणा ने अपने सपनों को आकार दिया और आज वे असंख्य युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणास्रोत बन चुके हैं।
हर्षित राणा के सहपाठी केशव त्यागी ने भावुक होकर अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि बचपन से ही मैदान में उनकी हर गेंद पर तालियाँ गूंजती थीं। असफलताओं से सीख लेने और निरंतर अभ्यास करने की उनकी प्रवृत्ति ही उनकी सफलता की कुंजी रही है। वहीं उनके मित्र आर्यन ने उन्हें मेहनती, अनुशासित और सुसंस्कृत खिलाड़ी बताते हुए कहा कि वर्ष 2023 में कम उम्र में भारतीय राष्ट्रीय क्रिकेट टीम में चयन उनकी मेहनत और प्रतिभा का प्रमाण है।
गौरतलब है कि गंगा इंटरनेशनल स्कूल ने वर्षों में कई राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों को तराशा है, जिनमें प्रसिद्ध भारतीय तेज गेंदबाज़ इशांत शर्मा सहित रणजी स्तर के खिलाड़ी सुमित माथुर, राहुल डागर, मोहित शर्मा एवं सच्चिदानंद पांडे जैसे नाम शामिल हैं। ऐसे प्रतिभाशाली खिलाड़ियों के योगदान से जुड़े विद्यालय में वर्ल्ड कप ट्रॉफी का आगमन सभी के लिए सपने के साकार होने जैसा रहा।
कार्यक्रम के अंतर्गत विद्यार्थियों के लिए आईसीसी क्रिकेट क्विज़ का आयोजन किया गया, जिसमें उन्होंने उत्साहपूर्वक भाग लेकर क्रिकेट के प्रति अपने ज्ञान का प्रदर्शन किया। इसके साथ ही रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों में नृत्य एवं संगीत के माध्यम से देशप्रेम और खेल भावना की सुंदर प्रस्तुति दी गई।
विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती स्वाति जोशी ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि खेल केवल जीत-हार तक सीमित नहीं होते, बल्कि जीवन में अनुशासन, समर्पण, आत्मविश्वास और टीम भावना जैसे मूल्यों का विकास करते हैं।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित