गोरखपुर , अगस्त 27 -- राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर माय भारत- युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय भारत सरकार की तरफ से गुरुवार को महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय गोरखपुर (एमजीयूजी) के पंचकर्म सभागार में 'खेलो इंडिया संवाद- खेल की बात, प्रधानमंत्री मोदी के साथ' कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से देशभर के युवाओं, खिलाड़ियों और खेल जगत से जुड़े लोगों से संवाद किया। गोरखपुर में आयोजित कार्यक्रम में केंद्रीय ग्रामीण विकास राज्यमंत्री कमलेश पासवान मुख्य अतिथि रहे। विश्वविद्यालय के कुलपति भूपेश गोयल, माय भारत केंद्र गोरखपुर की जिला युवा अधिकारी सीमा पाण्डेय, राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी एवं कोच, राष्ट्रीय युवा स्वयंसेवक तथा विश्वविद्यालय के सैकड़ों छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में युवाओं को खेलों से जोड़ने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि खेल केवल पदक जीतने का माध्यम नहीं है, बल्कि यह युवाओं में अनुशासन, नेतृत्व क्षमता, टीम भावना, आत्मविश्वास और फिटनेस विकसित करने का महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने युवाओं से खेल को जीवनशैली का हिस्सा बनाने का आह्वान किया और कहा कि मजबूत खेल संस्कृति विकसित भारत की मजबूत नींव तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
प्रधानमंत्री ने भारत के 2036 ओलंपिक के लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए देश के गांवों और छोटे शहरों तक खेल प्रतिभाओं की पहचान करने की आवश्यकता बताई। उन्होंने 5 से 15 वर्ष की आयु के बच्चों में छिपी खेल प्रतिभाओं को तलाशने और उनकी क्षमता के अनुरूप प्रशिक्षण देने पर जोर दिया। प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत को उन खेलों में भी अपनी भागीदारी बढ़ानी चाहिए, जिनमें अभी देश की मौजूदगी सीमित है। उन्होंने सर्फिंग, स्पोर्ट्स क्लाइंबिंग, वॉटर स्पोर्ट्स और विंटर स्पोर्ट्स जैसे खेलों में नई संभावनाओं का उल्लेख करते हुए युवाओं को नए क्षेत्रों में आगे आने के लिए प्रेरित किया। उनका संदेश रहा कि देश की प्रतिभा केवल बड़े शहरों तक सीमित नहीं है, बल्कि गांवों और छोटे कस्बों में भी अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी तैयार करने की क्षमता है।
गोरखपुर के एमजीयूजी में कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय ग्रामीण विकास राज्यमंत्री कमलेश पासवान ने कहा कि युवाओं के व्यक्तित्व विकास, अनुशासन एवं आत्मविश्वास को सुदृढ़ करने में खेल की महत्वपूर्ण भूमिका है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में देश में खेल संस्कृति का तेजी से विस्तार हो रहा है। माय भारत केंद्र गोरखपुर की जिला युवा अधिकारी सीमा पाण्डेय ने कहा कि 'खेलो इंडिया संवाद' युवाओं को खेलों के साथ-साथ अनुशासन, नेतृत्व और राष्ट्र निर्माण की भावना से जोड़ने का प्रभावी मंच है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री का संदेश युवाओं को अपनी प्रतिभा पहचानने और उसे सही दिशा में विकसित करने के लिए प्रेरित करता है।
कार्यक्रम में माय भारत से जुड़े युवा स्वयंसेवकों की भी सक्रिय भागीदारी रही। इस अवसर पर एमजीयूजी में राष्ट्रीय सेवा योजना के डॉ. धनंजय पांडेय, डॉ. तरुण श्याम, डॉ. अमित उपाध्याय, रवि निषाद, जयंत गंगवार, साध्वीनंदन पाण्डेय सहित अधिकारी, शिक्षक, कर्मचारी तथा बड़ी संख्या में विद्यार्थियों की सहभागिता रही। सभी प्रतिभागियों ने खेलों को अपने जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाने तथा स्वस्थ एवं सशक्त राष्ट्र के निर्माण में सक्रिय योगदान देने का संकल्प लिया।
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